निजी बस ऑपरेटर संघ से असंतुष्ट चल रहे गुट ने कुल्लू जिले से संबंध रखने वाले निजी बस ऑपरेटर भूपेश नंदन की अध्यक्षता में वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से बैठक की। बैठक में बसों के रूट पर संचालन को लेकर आ रही समस्याओं सहित परिवहन व्यवसाय से जुड़े अनेक मुद्दों पर चर्चा की गई। बैठक में रामपुर जिले से मनीष शर्मा, कांगड़ा से हैप्पी अवस्थी, शिमला से जयगोपाल राजटा, कुल्लू से राजिंद्र शर्मा व विनय गोयल, हिमाचल प्रदेश निजी बस आपरेटर संघ संघर्ष समिति के अध्यक्ष प्रवीण दत्त शर्मा, कांगड़ा से अनुज बलौरिया, शिव राम, सोलन से रोहित शर्मा, मंडी से गुलशन दीवान सहित कई बस ऑपरेटरों ने भाग लिया।
बैठक में सरकार से आग्रह किया गया कि आगामी मंत्रिमंडल की बैठक में बसों के टैक्स की अवधि बढ़ाने और 31 जुलाई तक बसों पर लगने वाले टैक्स में दी गई छूट को इस तिथि के बाद भी बढ़ाया जाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश भर में कई निजी बस आपरेटरों ने सरकार के निर्देशों पर हिमाचल पथ परिवहन निगम की भांति एक जून से जनहित में बसों का संचालन किया था। इन निजी बस ऑपरेटरों ने घाटे पर भी अपनी सेवाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि अगर सरकार इस छूट को नहीं बढ़ाती है तो निजी बस आपरेटरों को मजबूरन अपनी बसें दौड़ानी पड़ेंगी, जिसका सीधा-सीधा असर निगम की बसों पर भी पड़ेगा।
उन्होंने कहा कि अगर सरकार यह सब कुछ नहीं करती है तो किराया बढ़ोतरी का निजी बस आपरेटरों को कोई फायदा नहीं होगा। उन्होंने कहा कि आज बसों की इंश्योरेंस, टायर, मेकेनिकल रिपेयर और स्पेयर पार्ट आदि काफी महंगे हो गए हैं। इसके अलावा कुछ रूटों पर हर पांच-दस मिनट बाद बस दौड़ रही है, जिसके चलते अधिकतर बसें खाली ही दौड़ रही हैं। उन्होंने कहा कि निगम की बसें समयसारिणी के अनुसार ही दौड़ाई जाएं, ताकि उन्हें घाटा न उठाना पड़े।