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वित्त विधेयक के दौरान गिर सकती है सरकार : धूमल

Wed, 30 Mar 2016 12:09 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
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नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार धूमल ने फिर दोहराया कि वीरभद्र सरकार का हाल भी रावत सरकार जैसा हो सकता है।
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उत्तराखंड में चल रहे सियासी ड्रामे के बीच मंगलवार को नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार धूमल ने फिर दोहराया कि वीरभद्र सरकार का हाल भी रावत सरकार जैसा हो सकता है। उन्होंने कहा कि वित्त विधेयक के दौरान सदन में ही राज्य सरकार गिर सकती है।
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भाजपा विधायक दल बुधवार को इस पर रणनीति बनाएगा। भ्रष्टाचार के इतने गंभीर आरोप के बाद सीएम को खुद ही इस्तीफा दे देना चाहिए। उन्होंने कांग्रेस में फूट का दावा किया और कहा की जल्द ही सच सामने आ जाएगा।

सीएम की संपत्ति को लेकर गलत दस्तावेज देने के मामले में सदन में चर्चा की मांग न मानने पर वाकआउट के बाद धूमल ने मीडिया से कहा कि वीरभद्र सिंह की वजह से ही उनकी सरकार खतरे में है। यही वजह है कि पार्टी के पदाधिकारी जांच के मामले को उनका निजी मामला बताते हुए पल्ला झाड़ रहे हैं।
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वीरभद्र के खिलाफ कार्रवाई में नहीं है केंद्र का हाथ

मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह - फोटो : अमर उजाला
धूमल ने कहा कि सीएम के खिलाफ जो भी कार्रवाई हो रही है उसमें केंद्र का कोई हाथ नहीं है। उन्होंने कहा कि वीरभद्र सिंह ने अपने आईटीआर में सेबों से 47 लाख की आय को तीन साल में बढ़ाकर छह करोड़ बताया जो असंभव है।

कहा कि मौजूदा जांच में पाया गया है कि आनंद चौहान के साथ सेब ढुलाई को लेकर समझौता पहले 17 जून 2008 को हुआ था लेकिन दस्तावेजों में हेराफेरी करने के बाद अब नया समझौता 15 जून 2008 को ही दर्शा दिया गया। जब एक समझौता पहले ही बाद की तारीख में हो चुका है तो फिर दूसरा समझौता उससे पहले कैसे हो सकता है।

धूमल ने कहा कि भाजपा इसी मुद्दे पर नियम 67 के तहत चर्चा चाहती थी। चर्चा के दौरान सीएम भी अपनी सफाई पेश कर सकते थे ताकि जनता को सच पता चल सके। लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया। धूमल ने कहा कि इसी मुद्दे पर सदन से बाहर तो बयान दे रहे हैं लेकिन सदन में चर्चा नहीं चाहते जो सरकार के दोहरे मापदंड है।
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अपने भ्रष्टाचार से अस्थिर हो रही सरकार : शांता

शांता ने कहा कि सरकार के मुखिया पर जो भ्रष्टाचार के आरोप लगे हैं, उसे देख मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह को अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। - फोटो : अमर उजाला
वरिष्ठ भाजपा नेता एवं सांसद शांता कुमार ने कहा कि सरकार को केंद्र सरकार अस्थिर नहीं कर रही है, बल्कि कांग्रेस सरकार अपने भ्रष्टाचार और क्रियाक्लापों से अस्थिर हो रही है। पालमपुर में पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में शांता ने कहा कि सरकार के मुखिया पर जो भ्रष्टाचार के आरोप लगे हैं, उसे देख मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह को अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए।

कांग्रेस हाईकमान को भी उन्हें इस पद पर अब नहीं रखना चाहिए। वीरभद्र सिंह को खुद पर लगे आरोपों को देख तुरंत प्रभाव से अपने पद से हट जाना चाहिए। धर्मशाला नगर निगम चुनाव में भाजपा की हार पर शांता ने कहा कि जनता का जनादेश कांग्रेस की ओर था।

कांग्रेस जीत गई हम हार गए। यह लोकतंत्र है, लोग जिसको चाहें वोट दें। अब लोगों को ही पता होगा कि भाजपा में क्या कमी थी तो उन्होंने कांग्रेस को वोट दिया। भाजपा कार्यकर्ता हार से मायूस न हों। देश में मोदी सरकार सरकार बेहतर कार्य कर रही है। देश को नई दिशा मिल रही और भारत आगे बढ़ रहा है।

केजरीवाल की तारीफ, बोले-दिल्ली में नहीं हुआ कोई घोटाला
पत्रकारों से बातचीत के दौरान सांसद शांता कुमार बातों बातों दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की तारीफ कर गए। एक प्रश्न के जवाब में शांता ने कहा कि दिल्ली सरकार के कार्यकाल में अभी तक दिल्ली में कोई भी भ्रष्टाचार नहीं हुआ है, जबकि पिछली कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में हर साल भ्रष्टाचार का नया घोटाला सामने आता था।
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