पुलिस ने हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले की पार्वती घाटी में चरस माफिया के खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक की। पुलिस ने आधी रात दबिश देकर 5 किलो 719 ग्राम चरस, 110.572 किलो भांग का बीज पकड़ा। इसके साथ ही 91,000 नकदी भी बरामद की। पुलिस ने राजग थाच और गाहर क्षेत्र में छह जगह दबिश देकर 34 लोगों को गिरफ्तार किया। चरस माफिया पर कार्रवाई करने के लिए पुलिस ने की टीम अल्फा, टीम ब्राबो और टीम चार्ली बनाई गई। पार्वती घाटी में नेपालियों की हलचल दिनों काफी बढ़ गई थी। अमर उजाला ने भी चरस निकालने की तैयारी में माफिया, 1,000 रुपये दिहाड़ी का दे रहे लालच शीर्षक से 9 अक्तूबर के अंक में इसको लेकर आगाह किया था। इसके बाद 10 और 11 अक्तूबर की रात को पुलिस ने पार्वती घाटी के छह जगहों पर दबिश दी।
राजग थाच में पुलिस की टीम ने आरोपी शिवा निवासी नेपाल से 3.519 किलो चरस और 110.572 किलो भांग का बीज पकड़ा। यहां से 14 लोगों को गिरफ्तार किया। यहां पर भांग मलने का काम किया जा रहा था। ग्राहण में पुलिस ने एक बीघा निजी और सरकारी भूमि पर चरस की खेती पकड़ी। गाहर क्षेत्र में 2.200 ग्राम चरस, 91,000 रुपये नकदी के अलावा 20 लोगों को पकड़ा। ब्रह्मगंगा के जंगल में 35 बीघा, ग्राहण के जंगल में भी चरस की खेती मिली। पुलिस ने 235 बीघा में करीब 2,83,000 भांग के पौधे भी पकड़े। इन्हें नष्ट करने वन विभाग को कहा गया है। पुलिस की कार्रवाई के बाद चरस माफिया में हड़कंप मचा है। डीजीपी संजय कुंडू का कहना है कि कार्रवाई करने के लिए बनाई तीन टीमों का नेतृत्व एचपीएस केडी शर्मा, राजेश ठाकुर और रीता शर्मा ने किया। पुलिस ने छह मामले दर्ज किए हैं। नशे के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।