कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर की नई अपडेटिड वेबसाइट में प्रौद्योगिकियों के हस्तांतरण के लिए समर्पित किसान पोर्टल शामिल है। किसान अब किसान पोर्टल पर फसल, पशुपालन और अन्य सबंधित समस्याओं का वैज्ञानिक समाधान सरल हिंदी में प्राप्त कर सकेंगे।
किसान और पशुपालक अब अपनी समस्याओं का समाधान कृषि विवि पालमपुर के किसान पोर्टल पर कर सकेंगे। किसानों की समस्याओं का समाधान सरल हिंदी भाषा में होगा। कृषि विवि ने छात्रों और कृषक समुदाय के लिए दो नई सेवाओं की शुरुआत की। कुलपति प्रो. हरिंद्र कुमार चौधरी ने कहा कि नेशनल अकादमिक डिपॉजिटरी (एनएडी) डिजिलॉकर की सुविधा छात्रों को उनकी प्रामाणिक डिजिटल डिग्री और अन्य शैक्षणिक दस्तावेजों तक पहुंच प्रदान करेगी। विश्वविद्यालय की नई अपडेटिड वेबसाइट में प्रौद्योगिकियों के हस्तांतरण के लिए समर्पित किसान पोर्टल शामिल है।
विज्ञापन
किसान अब किसान पोर्टल पर फसल, पशुपालन और अन्य सबंधित समस्याओं का वैज्ञानिक समाधान सरल हिंदी में प्राप्त कर सकेंगे। कुलपति ने कहा कि नेशनल अकादमिक डिपॉजिटरी के डिजिलॉकर पारिस्थितिकी तंत्र में शैक्षणिक संस्थान, छात्र, नेशनल अकादमिक डिपॉजिटरी के भागीदारों की जानकारी शामिल होगी। कृषि विश्वविद्यालय एनएडी डिजिलॉकर प्लेटफार्म पर डिग्री प्रकाशित करने वाला देश में पहला विश्वविद्यालय होगा जो छात्रों को डिजिटल रूप से सशक्त करेगा और विश्वविद्यालय को छात्र कागज रहित बनाने में मदद करेगा।
कहा कि विश्वविद्यालय ने अपनी वेबसाइट को भी यूजर फ्रेंडली बनाकर अपडेट किया है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 की आवश्यकताओं के अनुसार भी चल रहे शोध कार्यक्रमों और भविष्य के आयामों को खोजने में छात्रों को आसानी होगी। जबकि किसान पोर्टल के माध्यम से किसान सीधे खेत से सवाल पूछ सकते हैं और विश्वविद्यालय के विशेषज्ञों से तेज और विश्वसनीय समाधान प्राप्त कर सकते हैं। वे पोर्टल पर हिंदी या अंग्रेजी में अपने प्रश्नों के साथ प्रासंगिक फोटो भी अपलोड कर सकते हैं।