हमीरपुर संसदीय क्षेत्र से रामलाल ठाकुर का टिकट घोषित होने से भाजपा के पूर्व सांसद सुरेश चंदेल की उम्मीदों पर पानी फिर गया है। हालांकि, पूर्व में चंदेल की कांग्रेस में एंट्री का रास्ता लगभग साफ हो चुका था।
पार्टी सूत्रों के अनुसार हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के अधिकांश नेताओं ने इस पर हामी भी भर दी थी। लेकिन मार्च महीने के अंत में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के साथ चंदेल की मुलाकात ने टिकट की राह को मुश्किल कर दिया।
उल्लेखनीय है कि पहले 25 मार्च को सुरेश चंदेल की कांग्रेस में एंट्री होने वाली थी। इसकी तैयारियों को भी पूरा कर लिया गया था। लेकिन ऐन मौके पर उसी शाम किसी कारण से वह कांग्रेस का हाथ नहीं थाम पाए।
इसी दौरान सुरेश चंदेल की कुछ भाजपा नेताओं और राष्ट्रीय अध्यक्ष से भी मुलाकात हुई। जिससे ऐसा संदेश गया कि सुरेश चंदेल दोनों तरफ सौदेबाजी कर रहे हैं। चंदेल के इसी फैसले ने उनके समीकरण पलट दिए और पार्टी को अन्य विकल्पों पर विचार करना पड़ा।
यही वजह थी कि कांग्रेस ने पहले सुक्खू, राणा और रामलाल ठाकुर के नामों पर चर्चा की। अंत में पार्टी ने श्री नयना देवी के विधायक रामलाल ठाकुर के नाम पर अंतिम मुहर लगा दी। वहीं, कांग्रेस से टिकट मिलने से सुरेश चंदेल के समर्थकों में निराशा छा गई है। अब सभी की नजरें चंदेल के अगले कदम पर टिक गई हैं।