पुलिस पुलिस महानिदेशक संजय कुंडू
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जूनियर आफिस असिस्टेंट (जेओए) आईटी सीरीज बी का प्रश्नपत्र लीक होने के तीसरे दिन पुलिस ने नेरचौक स्थित अभिलाषी बीएड कॉलेज के एक और प्रोफेसर व क्लर्क को मंगलवार देर शाम गिरफ्तार किया गया। पुलिस को अंदेशा है कि पेपर लीक करने में इन दोनों का भी हाथ है। अब तक इस मामले में आरोपी अभ्यर्थी, अभिलाषी कॉलेज के दो प्रोफेसर और दो क्लर्कों समेत नौ लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं। 12 घंटे के भीतर पेपर लीक की गुत्थी सुलझाने वाली पुलिस ने मंगलवार को जांच तेजी से आगे बढ़ाते हुए एमएसएलएम कॉलेज सुंदरनगर और नेरचौक स्थित अभिलाषी बीएड कॉलेज पहुंचकर पेपर से संबंधित अटेंडेंस शीट, सीटिंग प्लान आदि का रिकॉर्ड भी कब्जे में लिया गया।
केंद्र अधीक्षक से भी पुलिस टीम ने पूछताछ की। उधर, हिमाचल प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग हमीरपुर ने पूरे मामले की उपायुक्त मंडी से स्टेटस रिपोर्ट मांगी है। स्टेटस रिपोर्ट देखने के बाद पेपर रद्द करना है या नहीं, इसका फैसला लिया जाएगा। गौर हो कि बीते रविवार को प्रदेश भर में 517 केंद्रों में 300 पदों के लिए परीक्षा ली गई थी। सुंदरनगर के निजी कॉलेज एमएसएलएम के परीक्षा केंद्र में नकल करते एक अभ्यर्थी को गिरफ्तार किया था, जिसके बाद पूरा मामला सामने आया।
डीजीपी ने विशेष जांच टीम गठित की
मामले की जांच के लिए डीजीपी संजय कुुंडू ने मंगलवार को विशेष जांच टीम (एसआईटी) का गठन किया है। यह टीम मंडी पुलिस के समानांतर जांच करेगी। एसआईटी का गठन डीआईजी सेंट्रल रेंज मंडी मधु सूदन की अध्यक्षता में किया गया है। इसमें कमांडेंट तृतीय आईआरबी सौम्या सांबशिवन, कमांडेंट चतुर्थ आईआरबी दिवाकर शर्मा और डीएसपी सीआईडी यूनिट मंडी सुशांत शर्मा सदस्य होंगे। एसआईटी पता लगाएगी कि इस मामले में कोई बड़ा रैकेट शामिल तो नहीं है। यह भी जांच होगी कि मामला सिर्फ मंडी जिले के एमएलएसएम कॉलेज सुंदरनगर के एक केंद्र तक ही सीमित है या इसके प्रदेश के अन्य जिलों में बने परीक्षा केंद्रों से भी तार जुड़े हैं। जांच टीम आरोपियों के बैंक खातों की भी जांच करेगी।