प्रदेश में रेशम कीट पालन के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए कार्यशालाएं लगाई जाएंगी। मंत्री ने कहा कि मंडी जिले के बालीचैकी में 4.94 करोड़ की लागत से सेरी इंटरप्रिन्योरशिप डेवलपमेंट एंड इनोवेशन सेंटर (एसईडीआईसी) भवन का निर्माण किया जा रहा है।
उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ने विभाग के रेशम अनुभाग के कार्यों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार के स्टेट कैटेलेटिक डेवलपमेंट प्रोग्राम में वर्ष 2020-21 में लगभग 2.71 करोड़ रुपये व्यय कर 12 हजार से अधिक किसानों को लाभान्वित किया गया है। प्रदेश में रेशम कीट पालन के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए कार्यशालाएं लगाई जाएंगी। मंत्री ने कहा कि मंडी जिले के बालीचैकी में 4.94 करोड़ की लागत से सेरी इंटरप्रिन्योरशिप डेवलपमेंट एंड इनोवेशन सेंटर (एसईडीआईसी) भवन का निर्माण किया जा रहा है।
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इस भवन के निर्मित होने से प्रदेश के और अधिक रेशम बुनकरों को प्रशिक्षित करने की सुविधा प्राप्त होगी। रेशम से जुड़े उत्पाद निर्मित किए जाएंगे। मंडी जिले के थुनाग में 318 लाख रुपये की लागत से रेशम बीज उत्पादन केंद्र के भवन का निर्माण किया जा रहा है। बैठक में निदेशक उद्योग राकेश प्रजापति, उप निदेशक रेशम अनुभाग बलदेव चौहान मौजूद रहे।