हिमाचल प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग
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हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) कंडक्टर भर्ती का परीक्षा परिणाम लटक गया है। विशेष जांच दल (एसआईटी) की ओर से रिपोर्ट न देने की वजह से साढ़े चार माह से प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग परिणाम घोषित नहीं कर पा रहा है। वर्ष 2019 में पोस्ट कोड 762 के तहत एचआरटीसी में 568 पदों पर कंडक्टर भर्ती परीक्षा के लिए आयोग ने आवेदन मांगे थे।
आवेदन मिलने के बाद आयोग ने जैसे ही लिखित परीक्षा की तैयारी की तो कोविड-19 ने भर्ती प्रक्रिया पर पानी फेर दिया। कोरोना से थोड़ी राहत मिली तो आयोग ने 18 अक्तूबर 2020 को लिखित परीक्षा के लिए 65,000 अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड जारी किए। लेकिन परीक्षा महज 44,000 अभ्यर्थियों ने ही दी।
परीक्षा के दिन शिमला और कांगड़ा जिला के उपमंडल शाहपुर में स्थापित परीक्षा केंद्रों पर दो अभ्यर्थियों द्वारा नकल के लिए मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने और प्रश्नपत्र सोशल मीडिया पर वायरल होने का मामला सामने आया। आयोग ने इस गड़बड़ी पर तुरंत पुलिस में एफआईआर दर्ज करवाने के साथ ही संबंधित एसडीएम से रिपोर्ट मांगी।
इसी बीच विपक्ष ने धांधली के आरोप लगाते हुए इस मुद्दे को उठाया तो सरकार ने डीआईजी के नेतृत्व में एसआईटी का गठन कर दिया। लेकिन एसआईटी साढ़े चार माह बाद भी रिपोर्ट नहीं दे पाई है। आयोग ने लिखित परीक्षा का परिणाम तैयार रखा है।
कार्मिक विभाग से भी संपर्क किया है लेकिन अभी तक कोई जवाब नहीं मिला है। प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग के अध्यक्ष ब्रिगेडियर सतीश शर्मा ने कहा कि एसआईटी की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। रिपोर्ट मिलने के बाद ही आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।