बडसर मैहरे या भोटा में से एक प्राथमिकता दें विधायक : मुकेश
कांग्रेस विधायक इंद्रदत्त लखनपाल ने बडसर मैहरे और भोटा में बस अड्डों का निर्माण करने का मामला सदन में उठाया। जवाब में उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि विधायक को एक प्राथमिकता बतानी चाहिए। मैहरे के लिए 23 लाख का बजट प्रावधान तो है लेकिन यहां भूमि नहीं है। भोटा में भूमि है लेकिन बजट प्रावधान नहीं है। अगर विधायक एक प्राथमिकता देंगे तो हमारे लिए आसानी होगी। इस पर विधायक ने कहा कि बडसर मैहरे में बस अड्डा बनाने के लिए भूमि हस्तांतरित हो रही है, राजस्व विभाग की कुछ भूमि ली जानी शेष है। भोटा में 20 साल से बस अड्डे का इंतजार है। यहां के लिए 50 लाख रुपये के बजट का प्रावधान करना चाहिए।
मंदिरों की जानकारी देने के लिए प्रदेश में लगेंगे सूचना बोर्ड
प्रदेश के प्रसिद्ध मंदिरों और धार्मिक स्थलों की विस्तृत जानकारी के प्रचार के लिए राज्य में सभी प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर जगह-जगह सूचना बोर्ड लगाए जाएंगे। इन सूचना बोर्डों के माध्यम से बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं के लिये हर तरह की उपयोगी जानकारी उपलब्ध होगी। इसी कड़ी में सरकार मंदिरों पर बुकलेट भी प्रकाशित करेगी। यह जानकारी उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने सदन में दी। अग्निहोत्री बुधवार को राज्य विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दूसरे दिन सदन में चंबा में पर्यटन विकास की संभावनाओं पर कांग्रेस के विधायक नीरज नैय्यर की ओर से नियम 130 के तहत लाए गए प्रस्ताव पर हुई चर्चा का उत्तर दे रहे थे।
उन्होंने कहा कि सरकार प्रदेश में हर तरह के पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए पूरी ताकत के साथ काम कर रही है। पर्यटन सेक्टर में विदेशों से भी पूंजी निवेश लाने के लिए प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि सरकार चंबा जिले के सुल्तानपुर से मणिमहेश तक हेली टैक्सी सेवा शुरू करने का प्रयास करेगी। उन्होंने कहा कि चंबा में तीन हेलीपैड का निर्माण प्रस्तावित है। इनके निर्माण को लेकर सरकार ने वन सरंक्षण कानून के तहत अनुमति मांगी है। उन्होंने कहा कि चालू साल के पहले 10 महीनों में अक्तूबर तक 1.36 करोड़ से अधिक सैलानी हिमाचल आए हैं। इनमें 52 हजार 592 विदेशी सैलानी शामिल हैं। आपदा के बावजूद हिमाचल में इतनी अधिक संख्या में सैलानियों को आकर्षित करने में कामयाब हुआ है। प्रस्ताव पेश करते हुए चंबा में टूरिज्म को प्रमोट करने के लिए विधायक नीरज नैय्यर ने रोहतांग पास की तर्ज पर साच पास को भी विकसित करने की सिफारिश की।
चर्चा में भाग लेते हुए विधायक इंद्रदत लखनपाल ने कहा कि सरकार ने कांगड़ा को टूरिज्म कैपिटल बनाने की सोची है लेकिन, इसके साथ दूसरे जिलों पर भी ध्यान देना जरूरी है। उन्होंने बड़सर विधानसभा क्षेत्र के तहत बाबा बालक नाथ मंदिर को श्री नयना देवी व दो अन्य मंदिरों से जोड़ने के लिए रोपवे बनाने की जरूरत जताई। गगरेट के विधायक चैतन्य ठाकुर ने प्रदेश में योजनाबद्ध तरीके से पर्यटन विकास का रोडमैप तैयार कर उस पर आगे बढ़ने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि इस मोर्चे पर हमें हिमाचल की ब्रांडिंग और मार्केटिंग पर भी काम करना होगा। डलहौजी के विधायक डीएस ठाकुर ने पार्किंग की समस्या को उठाया। विधायक जनकराज ने कहा कि चंबा पर्यटन दृष्टि से काफी पिछड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि यहां पर सैलानियों के लिए साइन बोर्ड तक नहीं लगाए गए हैं।
हिमाचल के अस्पतालों में 1300 पद खाली
विधानसभा क्षेत्र शाहपुर के विधायक केवल सिंह पठानिया ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग से किए गए तारांकित प्रश्न के जवाब में स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री धनी राम शांडिल ने लिखित जवाब में कहा कि प्रदेश भर में चिकित्सकों और पैरा मेडिकल स्टाफ के कई पद रिक्त चले हुए हैं। सभा पटल पर रखी गई सूचना के अनुसार प्रदेश में मेडिकल अफसरों के 2802 पद स्वीकृत हैं, जिनमें से 124 पद रिक्त चले हुए हैं। प्रदेश भर के अस्पतालों में ओटीए के लिए 317 पद स्वीकृत किए गए हैं, लेकिन मात्र 98 पदों पर ही ओटीए सेवाएं दे रहे हैं, जबकि 219 पद अभी भी ओटीए के अभाव में रिक्त चल रहे हैं, जिसका खामियाजा अस्पतालों में होने वाले ऑपरेशनों पर पड़ता है।
किस श्रेणी में कितने पद खाली
श्रेणी स्वीकृत रिक्त
मेडिकल अफसर 2802 124
चीफ फार्मासिस्ट 136 20
फार्मासिस्ट 1236 193
एमएलटी-ग्रेड-1 45 10
एमएलटी-ग्रेड-2 956 411
लैबोरेटरी अस्सिटेंट 331 146
सीनियर रेडियोग्राफर 43 10
रेडियोग्राफर 280 100
नेत्र रोग अधिकारी 184 8
सीएसएस सुपरवाइज 29 01
ओटीए 317 219
फ़िज़ियोथेरेपिस्ट 37 22
डाइटिशियन 12 11
टेक्नीकल अफसर 01 01