कोरोना महामारी के बीच हिमाचल प्रदेश में होने जा रहे नगर निकाय और पंचायत चुनाव के लिए राज्य चुनाव आयोग ने मंगलवार को मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी कर दी है। एसओपी के अनुसार प्रत्याशियों के नामांकन के दौरान न हुजूम उमड़ेगा और न ही वाहनों का काफिला होगा। प्रत्याशी के साथ सिर्फ एक व्यक्ति नामांकन भरने जाएगा। कोविड रोगी या क्वारंटीन व्यक्ति को चुनाव लड़ने की अनुमति तो रहेगी, लेकिन ऐसे लोगों का नामांकन अधिग्रहीत दूसरा व्यक्ति करेगा। प्रत्याशी आयोग की वेबसाइट से नामांकन पत्र डाउनलोड कर उसका उपयोग कर सकेंगे। प्रत्याशी मास्क पहनकर प्रचार करने पांच लोगों के साथ जा सकेंगे। क्वारंटीन मरीजों के लिए मतदान के नियम बुधवार को तय होंगे। मतदान के दौरान फर्जी वोटिंग रोकने के लिए मतदाता का मास्क भी हटाया जा सकेगा।
बता दें, प्रदेश में पंचायती राज संस्थाओं और शहरी निकाय चुनाव में प्रदेशभर के करीब 54.33 लाख वोटर प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला करेंगे। इनमें 27,34,154 पुरुष और 26,98,709 महिलाएं मतदाता वोट डालेंगी। संबंधित जिलों के जिला चुनाव अधिकारी तय करेंगे कि किस पंचायत में कौन से चरण में चुनाव कराना है। प्रदेश चुनाव आयोग ने प्रदेश में पंचायती राज संस्थानों और शहरी निकायों के लिए कुल 60 हजार कर्मचारियों की चुनाव ड्यूटी लगाई है। पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव में मतपेटियां और शहरी निकाय चुनाव में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन का इस्तेमाल होगा। चुनाव आयोग ने स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराने को करीब 22 हजार पोलिंग पार्टियां बनाई हैं। ये पोलिंग पार्टियां अलग-अलग चरणों में सेवाएं देंगी।