धर्मशाला में मंडल भाजपा नूरपुर से निलंबन के बाद पूर्व विधायक राकेश पठानिया ने अपनी ही पार्टी के नेताओं को आरोपों के कटघरे में खड़ा कर दिया है। उन्होंने कहा कि नूरपुर भाजपा के चंद नेता उनके खिलाफ षड्यंत्र रच रहे हैं। धर्मशाला में प्रेस वार्ता कर राकेश पठानिया ने मंडल भाजपा नूरपुर के नेताओं और जिला महामंत्री रणवीर निक्का के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
पठानिया ने कहा कि उनके निलंबन के पीछे उनका भारत-पाकिस्तान मैच और अवैध खनन का विरोध करना बड़ा कारण रहा। हालांकि, इसके पीछे धूमल परिवार का हाथ होने के प्रश्न पर उन्होंने कोई कमेंट करने से इनकार कर दिया। पठानिया ने पार्टी के निर्णय पर तो सवाल उठाए ही, साथ ही भाजपा के जिला महामंत्री रणवीर सिंह निक्का पर अवैध खनन के आरोप लगाए।
बिना नाम लिए पठानिया ने बीसीसीआई सचिव अनुराग ठाकुर पर जरूर निशाना साध दिया। इसके अलावा भाजपा सांसद शांता कुमार के खिलाफ भी भारत -पाक मैच का विरोध करने को लेकर कार्रवाई होने के प्रश्न को भी उन्होंने टाल दिया। पठानिया ने कहा कि 1991 से लेकर अब तक वह पार्टी के वफादार सिपाही रहे हैं। उन्होंने ही पहली बार नूरपुर में भाजपा को जीत दिलाई थी।
नए लोग उन्हें वफादारी का पाठ पढ़ा रहे हैं। उन पर आरोप लगाने वाले भाजपा के ही कुछ नेता खुद अवैध खनन माफिया के सरगना हैं। रणवीर सिंह निक्का का बिना नाम लिए हुए उन्होंने कहा कि सरकार ने उनके क्रशर को अवैध घोषित किया हुआ है। बिजली कनेक्शन तक काट दिए हैं। उसके बावजूद डीजल के जनरेटर से अवैध तौर पर क्रशरों को चलाया जा रहा है।
प्रशासन कार्रवाई के आदेश दे रहा लेकिन पुलिस कार्रवाई नहीं हो रही है। पार्टी का निष्ठावान कार्यकर्ता होने के बावजूद उन्हें अपने ही लोग प्रताड़ित कर रहे हैं। आखिर उन्हें किस बात की सजा दी जा रही है। उन्होंने कहा कि वह जल्द ही हाईकमान के समक्ष अपनी बात रखेंगे। उन्होंने कहा कि वह भाजपा में थे, भाजपा में ही रहेंगे।