हिमाचल में कोरोना से चार लोगों की जान चली गई। शनिवार को कांगड़ा के अधेड़ व्यक्ति ने नालागढ़, बद्दी की बुजुर्ग महिला ने आईजीएमसी शिमला और मंडी जिले के बल्ह के बुजुर्ग की नेरचौक मेडिकल कॉलेज में मौत हो गई। लगातार चार दिन में 9 मौतों के साथ प्रदेश में कोरोना से 28 लोगों की जान चली गई। कांगड़ा के पालमपुर का 55 वर्षीय व्यक्ति बद्दी की पनेशिया कंपनी में कार्यरत था। 19 अगस्त को उनके सीने में दर्द उठा। उन्हें उपचार के लिए नालागढ़ के निजी अस्पताल पहुंचाया। हालत नाजुक होने पर उन्हें नालागढ़ अस्पताल रेफर किया, लेकिन अस्पताल पहुंचने तक उनकी मौत हो चुकी थी। मौत के बाद उनका कोरोना टेस्ट जांच के लिए भेजा गया, जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव निकली।
दूसरी ओर बद्दी के भुड्ड गांव की 75 वर्षीय महिला दो दिन पहले पॉजिटिव निकली थी। तबीयत खराब होने पर उन्हें काठा से बीती रात आईजीएमसी शिमला लाया गया, जहां उनकी मौत हो गई। महिला का शिमला के कनलोग श्मशानघाट में अंतिम संस्कार किया गया। महिला का संक्रमित पति भी काठा अस्पताल में भर्ती है। उधर, नेरचौक मेडिकल कॉलेज में उपचाराधीन दमे से ग्रसित बल्ह के 80 वर्षीय संक्रमित बुजुर्ग की शनिवार को मौत हो गई। उन्हें मंडी अस्पताल से रेफर किया गया था। नालागढ़ के पल्ली की 34 वर्षीय कोरोना संक्रमित महिला की भी मौत हो गई है। मौत के बाद शनिवार को महिला की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई। जानकारी के अनुसार महिला को 20 अगस्त को अस्पताल में भर्ती किया गया था और 21 को इसकी मौत हो गई। शनिवार को रिपोर्ट पॉजिटिव आई। मृतक महिला के संपर्क में आए सभी लोगों को क्वारंटीन कर दिया गया है।
उपायुक्त ऊना संदीप कुमार कोरोना पॉजिटिव के संपर्क में आ गए हैं। महिला के कोरोना संक्रमित होने की सूचना के बाद डीसी संदीप कुमार ने खुद को आईसोलेट कर लिया है। इसी वजह से शनिवार को डीसी चैंबर बंद रहा। बताया जा रहा है कि 19 अगस्त को दो महिलाएं उपायुक्त से मिली थीं। इनमें से एक महिला की कोरोना रिपोर्ट 21 अगस्त पॉजिटिव पाई गई।
जिस पर तुरंत उन्होंने नियमानुसार खुद को आइसोलेट कर लिया। इस संबंध में डीसी ऊना संदीप कुमार ने बताया कि सूचना मिलने के बाद तुरंत आइसोलेट कर लिया है। उन्होंने सभी से आग्रह किया है कि किसी भी कोरोना संक्रमित के संपर्क में आने के बाद खुले में न घूमे, बल्कि आइसोलेट हो जाएं। उन्होंने बताया कि कोरोना रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
गगल के पास तियारा गांव में घर छुट्टी आए पंजाब पुलिस के जवान की मौत हो गई है। प्रधान संदीप मनकोटिया व उप प्रधान अरविंद कुमार ने बताया कि 50 वर्षीय हंसराज चौधरी पंजाब पुलिस में पटियाला में हवलदार पद पर सेवारत थे। वह 13 जुलाई को छुट्टी आए थे और 27 जुलाई तक होम क्वारंटीन में थे।
20 अगस्त को अचानक तबीयत खराब हो जाने पर उन्हें बेहोशी की हालत में टांडा मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां 21 अगस्त शाम को उनकी मौत हो गई। मृतक जवान अपने पीछे पत्नी व तीन बेटियां छोड़ गए हैं।
बेटियां क्रमश: 16, 14 और 10 वर्ष की हैं। पुलिस के जांच अधिकारी शीशपाल ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद मृतक का शव परिजनों को सौंप दिया गया है। मौत के कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चलेगा।