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हिमाचल: विजिलेंस टीम को गाड़ी से रौंदने का प्रयास कर रिश्वत के 25,000 लेकर एसएचओ हुआ फरार

Tue, 21 Dec 2021 09:29 PM IST
Krishan Singh संवाद न्यूज एजेंसी, नादौन (हमीरपुर)

सार

विजिलेंस टीम को गाड़ी से रौंदने का प्रयास कर रिश्वत के 25 हजार रुपये लेकर आरोपी एसएचओ फरार हो गया है।दरअसल, पीड़ित कारोबारी ने विजिलेंस में शिकायत कर आरोप लगाया था कि एसएचओ नादौन नीरज राणा मवेशियों को पठानकोट ले जाने की अनुमति देने की एवज में 25,000 रुपये की रिश्वत मांग रहा है।  शिकायत के आधार पर विजिलेंस ने एसएचओ को रंगे हाथ पकड़ने के लिए जाल बिछाया।
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एसएचओ नादौन नीरज राणा। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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विजिलेंस टीम को गाड़ी से रौंदने का प्रयास कर रिश्वत के 25 हजार रुपये लेकर आरोपी एसएचओ फरार हो गया है। विजिलेंस अफसरों ने सड़क से नीचे कूदकर अपनी जान बचाई है। घटना हिमाचल प्रदेश के नादौन की है। विजिलेंस ने जिला पुलिस के साथ मिलकर आरोपी की घेराबंदी की तो उसने घटनास्थल से कुछ दूर अपनी गाड़ी को लावारिस हालत में छोड़ दिया और खुद गायब हो गया। फिलहाल आरोपी की तलाश में टीमें दबिश दे रही हैं। एसपी विजिलेंस मंडी रेंज राहुल नाथ ने इसकी पुष्टि की है। दरअसल, पीड़ित कारोबारी ने विजिलेंस में शिकायत कर आरोप लगाया था कि एसएचओ नादौन नीरज राणा मवेशियों को पठानकोट ले जाने की अनुमति देने की एवज में 25,000 रुपये की रिश्वत मांग रहा है। पैसा न देने पर फर्जी मामले में फंसाने की धमकी भी दे रहा है। शिकायत के आधार पर विजिलेंस ने एसएचओ को रंगे हाथ पकड़ने के लिए जाल बिछाया।

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आरोपी एसएचओ अपनी निजी कार से मौके पर पहुंचा और शिकायतकर्ता से रिश्वत की राशि ले ली। इसी बीच विजिलेंस की टीम उसे दबोचने के लिए बढ़ी तो वह अपनी कार में बैठ गया और टीम पर गाड़ी चढ़ाने का प्रयास करते हुए फरार हो गया। विजिलेंस ने आरोपी के खिलाफ स्थानीय पुलिस थाने में हत्या के प्रयास की शिकायत दर्ज करवा दी है। लेकिन जिला पुलिस ने अलग से मामला दर्ज नहीं किया है। विजिलेंस को कहा है कि रिश्वत के मामले में दर्ज एफआईआर में ही हत्या का प्रयास और सरकारी कर्मचारी के साथ दुर्व्यवहार की धाराओं को भी जोड़ दिया जाए। 

यहां जानें पूरा मामला
उधर,  पुलिस इंस्पेक्टर के इस कारनामे से पुलिस की छवि पूरे प्रदेश में धूमिल हुई है। दरअसल दुधारू मवेशियों का व्यवसाय करने वाले मंडी जिला के एक व्यक्ति ने विजिलेंस ब्यूरो में एसएचओ के खिलाफ शिकायत दी थी। शिकायतकर्ता शिव सिंह ने शिकायत में कहा था कि वह हिमाचल और पंजाब में दुधारू पशुओं को खरीदने और बेचने का व्यवसाय करता है। मंगलवार रात को उसने मंडी के नेरचौक से एक ट्राले में दुधारू पशुओं को पठानकोट भेजा। इस दौरान नादौन पुलिस ने उसकी गाड़ी को रोक लिया। गाड़ी को भेजने के लिए एसएचओ ने उनसे 25 हजार रुपये की रिश्वत मांगी। शिकायतकर्ता ने कहा कि वह पठानकोट से वापस आने पर उसे यह पैसे देगा। इस पर पीड़ित ने विजिलेंस को भी इसकी शिकायत दे दी। विजिलेंस ने केमिकल युक्त नोट की गड्डी को शिकायतकर्ता के हाथों में थमा दिया और एसएचओ को बुलाने के लिए कहा।
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पहले से बिछाए जाल के मुताबिक एसएचओ नादौन के लेबर चौक के समीप पैसे लेने पहुंचा। एसएचओ ने नोटों की गड्डी पकड़ी ही थी कि विजिलेंस टीम उसे पकड़ने के लिए आगे दौड़ी। लेकिन इतने में पहले से अपनी निजी कार में सवार एसएचओ विजिलेंस के सब इंस्पेक्टर और एएसआई समेत सामने खड़े तीन लोगों पर गाड़ी चढ़ाने का प्रयास करते हुए मौके से फरार हो गया। हालांकि कुछ ही देर में पुलिस ने सेरी कल्चर रोड पर कार बरामद कर ली। लेकिन एसएचओ जंगल की तरफ भाग गया। इधर, पुलिस अधीक्षक हमीरपुर डॉ. आकृति शर्मा ने कहा कि नादौन थाना प्रभारी के खिलाफ विजिलेंस ने रिश्वत और हत्या के प्रयास में मामला दर्ज होने की सूचना दी है। विजिलेंस के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए उसे पकड़ने के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया है।

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