प्रसिद्ध शक्तिपीठ बाबा बालक नाथ मंदिर में करीब तीन सप्ताह पूर्व पंजाब से आए श्रद्धालुओं और सहायक मंदिर अधिकारी के बीच हुई बहस को लेकर सीएम हेल्पलाइन के दखल के बाद बड़सर पुलिस हरकत में आई है। बड़सर पुलिस ने शिकायतकर्ता से फोन पर बात कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है। इससे पहले उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक, और डीजीपी हेडक्वॉर्टर शिमला को एसएमएस की ओर से भेजी शिकायत पर कार्रवाई न होने से पंजाब के श्रद्धालु न्याय के लिए भटक रहे थे।
शिकायत को डीजीपी कार्यालय से एसएचओ बड़सर को अगली कार्रवाई के लिए भेज दिया गया था। लेकिन शिकायतकर्ता इस पर तुरंत कार्रवाई की मांग कर रहे थे। शिकायतकर्ता सुधीर जैन पुत्र भूषण जैन 135 बी मंडी गोबिंदगढ़, नजदीक शिवपुरी मंदिर, जिला फतेहगढ़ साहब ने पुलिस को सौंपी शिकायत में सहायक मंदिर अधिकारी दियोटसिद्ध के खिलाफ नशे की हालत में रास्ता रोकना, धमकाना और अभद्र व्यवहार करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं तथा मामले में एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। शिकायत के मुताबिक वह 19 सितंबर को बाबा बालकनाथ माथा टेकने आए थे और उनके पास हिमाचल सरकार की जो गाइडलाइंस है, उनके मुताबिक कोविड ई पास भी था।
हिमाचल की एंट्री व उसके बाद दियोटसिद्ध के बैरियर नंबर एक पर अपने कोविड ई पास चैक कराकर जब वे बैरियर नंबर दो पर पहुंचे तो उसी दौरान सहायक मंदिर अधिकारी ने रास्ते में आकर अपनी गाड़ी खड़ी कर ली और अभद्र व्यवहार व गाली गलौज शुरू कर दिया। शिकायतकर्ता सुधीर जैन ने एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। एसएचओ बड़सर मस्त राम नायक ने कहा कि विभागीय स्तर पर इसकी जांच चल रही है। सीएम हेल्पलाइन में शिकायत के बाद इस बारे उचित कार्रवाई के निर्देश मिले हैं।