हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय के अधीन चल रहे 34 से अधिक महाविद्यालयों में डेढ़ हजार से अधिक सीटें इस बार खाली रह गई हैं। बीटेक की 1200 से अधिक सीटें, एमबीए की 200, जबकि बीएससी होटल मैनेजमेंट की 125 से अधिक सीटें खाली रह गई हैं। इंजीनियरिंग, फार्मेसी, एमबीए, एमसीए और होटल मैनेजमेंट के लिए अलग-अलग काउंसलिंग शेड्यूल जारी करने के बावजूद यह सीटें नहीं भर पाई हैं। खाली सीटों पर चिंता जताते हुए विश्वविद्यालय ने 30 नवंबर को स्पॉट राउंड भी करवाया।
जवाहर लाल नेहरू राजकीय इंजीनियरिंग महाविद्यालय सुंदरनगर में टेक्सटाइल इंजीनियरिंग की 120 में से 78 सीटें खाली हैं। इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग, मेकेनिकल इंजीनियरिंग की सीटें भी खाली हैं। राजीव गांधी इंजीनियरिंग महाविद्यालय नगरोटा बगवां में आर्किटेक्चर में 23 सीटें खाली हैं। अटल बिहारी वाजपेयी राजकीय इंजीनियरिंग महाविद्यालय प्रगतिनगर शिमला में इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग 67 सीटें खाली हैं। महात्मा गांधी राजकीय इंजीनियरिंग महाविद्यालय ज्यूरी शिमला में भी 100 से अधिक सीटें खाली हैं। इसके अलावा ग्रीन हिल्स इंजीनियरिंग कॉलेज सोलन, एचआईईटी शाहपुर कांगड़ा, एचआईईटी सिरमौर, केसी एजूकेशनल एंड सोशल वेलफेयर सोसायटी ग्रुप ऑफ रिसर्च एंड प्रोफेशनल इंस्टीट्यूट ऊना, एलआर इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी सोलन, टीआर अभिलाषी मंडी, वैष्णो कॉलेज नूरपुर, सिरडा मंडी, गौतम कॉलेज हमीरपुर और हिमाचल प्रदेश तकनीकी विवि के दडूही परिसर में बीएससी होटल मैनेजमेंट की 25, जबकि नगरोटा बगवां परिसर में 49 सीटें खाली हैं।
प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय ने इंजीनियरिंग, फार्मेसी, एमबीए और एमसीए समेत अन्य विभागों में सीटों को भरने के लिए काउंसलिंग के कई राउंड करवाए हैं। फार्मेसी महाविद्यालयों में सभी सीटें फुल हैं। 30 नवंबर को आखिरी स्पॉट राउंड हो चुका है। अब सभी महाविद्यालयों में कक्षाएं शुरू हो चुकी हैं।