दोस्त बोले- बर्फ में फंस गया था सागर
परिवार ने जब ट्रेवल एजेंटों से बात की तो उन्होंने कहा कि उनका बेटा जर्मन पुलिस ने पकड़ा है। वह जल्द उसे छोड़ देंगे। कुछ दिन बाद उसके साथ गए 8 दोस्तों में से एक ने फोन कर बताया कि वे सभी लखानिया से लताविया होते हुए डोंकी में जा रहे थे। रास्ते में बर्फ गिरने लगी। 5 युवक तो सामने खड़ी गाड़ी में बैठ गए। जबकि तीन बर्फ की चपेट में आ गए। बाद में पता चला कि दो युवक किसी तरह बर्फ से निकल कर सुरक्षित स्थान पर पहुंच गए हैं, लेकिन उनके बेटे सागर की बर्फ में फंसने से मौत हो गई है।
लताविया सरकार से किया संपर्क
इसके बाद बॉबीचंद ने लताविया सरकार से संपर्क किया तो उन्होंने कहा कि एक शव बर्फ से बरामद हुआ है। शव की पहचान डीएनए टेस्ट से होगी। अब वह समझ नहीं पा रहे हैं कि वहां की सरकार तक डीएनए टेस्ट करवा कर कैसे पहुंचाया जाए।
पुलिस नहीं कर रही कार्रवाई
पीड़ित पिता बॉबीचंद ने बताया कि इस संबंध में दो महीने पहले उन्होंने भुलत्थ पुलिस को ट्रेवल एजेंटों के खिलाफ लिखित शिकायत भी दी थी। पुलिस दो महीने से लगातार टाल मटोल कर रही है। अभी तक ट्रेवल एजेंटों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
क्या बोले पुलिस अधिकारी
थाना भुलत्थ एसएचओ हरजिंदर सिंह ने कहा कि मामला उच्चाधिकारियों के ध्यान में लाया गया है। मामले की गंभीरता से जांच की गई है। विदेश से उन्हें सूचना मिली है कि पुलिस को एक शव बरामद हुआ है। पीड़ित के माता-पिता का डीएनए टेस्ट भेजा जाए, ताकि शव की पहचान की जा सके। एक बार डीएनए टेस्ट विदेश भेजा था, लेकिन कुछ तकनीकी रिपोर्ट को देखते हुए वह विदेश से वापस आ गया। उन्होंने फिर से डीएनए मंगवाया है। पूरी जांच के बाद ट्रेवल एजेंटों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।