पंधेर बोले-पीड़ित परिवार को सरकारी नौकरी व मुआवजा दिया जाए
200 दिन पूरे होने पर शंभू व खन्नौरी बॉर्डर पर होंगी महापंचायतें
अमर उजाला ब्यूरो
पटियाला। शंभू मोर्चे पर रविवार को एक और किसान की मौत हो गई। मृतक की पहचान 65 साल के जरनैल सिंह निवासी मोगा के तौर पर हुई है। किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने इसकी पुष्टि करते हुए पंजाब सरकार से मृतक के परिवार को सरकारी नौकरी व मुआवजा देने की मांग की है। उन्होंने बताया कि जरनैल सिंह मोगा से 10 अगस्त को बॉर्डर पर चल रहे मोर्चे में शामिल होने आए थे। यहां अचानक उन्हें सांस लेने में तकलीफ होने लगी। अस्पताल ले जाते समय रास्ते में उनकी मौत हो गई। पंधेर ने कहा कि मांगों के लिए धरने पर बैठे किसान दम तोड़ते जा रहे हैं लेकिन सरकार अड़ियल रवैया अपनाए हुए हैं। पंधेर ने कहा कि मोर्चे के 200 दिन पूरे होने पर 31 अगस्त को शंभू व खन्नौरी बॉर्डर पर किसान महापंचायतें करवाई जाएंगी। इनमें देश भर से किसान नेता शामिल होंगे और आगे की रणनीति पर विचार किया जाएगा।
पंधेर ने हरियाणा सरकार पर बॉर्डर न खोलने को लेकर निशाना साधा। कहा कि किसानों को रोकने के चक्कर में हरियाणा सरकार आम जनता को परेशान कर रही है। व्यापारियों व ट्रांसपोर्टरों का भी नुकसान किया जा रहा है। पंधेर ने हरियाणा सरकार की ओर से किसानों को 24 फसलों के दाम एमएसपी पर देने के दावे को झूठ का पुलिंदा बताया।