मोहाली। वीआईपी जिले की सड़कों पर लोगों के सफर को सुरक्षित बनाने और ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर जिला प्रशासन ने पूरी तरह शिकंजा कस दिया है। इसी कड़ी में पांच महीने में बिना हेलमेट और ट्रैफिक नियम तोड़ने वाले 8810 लोगों के ड्राइविंग लाइसेंस सस्पेंड किए हैं। आरटीए के सचिव सुखविंदर सिंह ने इसकी पुष्टि की है।
उन्होंने जिला प्रशासन की रोड सेफ्टी की बैठक में अपनी रिपोर्ट पेश करके इस बारे में विस्तार से बताते हुए कहा कि जिले में सड़क हादसों में मौत का सिलसिला थम नहीं रहा है। हर रोज एक व्यक्ति की जान जा रही है। ऐसे में जिला प्रशासन सड़कों की खामियों को सुधारने में जुट गया है।
बैठक के दौरान सभी विभागों ने अपनी रिपोर्ट पेश की। गमाडा के अधिकारियों ने बताया कि उन्होंने अपने अधीन आने वाले आठ ब्लैक स्पॉट पर कार्रवाई की है। वहीं नेशनल हाईवे अथॉरिटी ने बताया कि उनकी तरफ से 26 ब्लैक स्पॉट पर कार्रवाई की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक डीसी ने साफ कर दिया है कि रोड सेफ्टी के काम को गंभीरता से लिया जाए ताकि सड़क हादसों की संख्या में कमी लाई जाए। इसके अलावा पुलिस को भी उचित कार्रवाई के आदेश दिए गए हैं।
रिफ्लेक्टर लगाकर करना होगा जागरूक
अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर अमनिंदर कौर ने बताया कि समूह अधिकारियों को हिदायत दी है कि जिले में जहां पर भी सड़कों का निर्माण कार्य चल रहा है, वहां पर रिफ्लेक्टर लगाए जाएं क्योंकि अधिकतर हादसे वहीं होते हैं। इसके साथ ही सड़क निर्माण के काम में तेजी लाई जाए। इसके अलावा कोई अन्य खामी सामने आती है तो उस बारे में अधिकारियों को तुरंत बताना होगा ताकि समय रहते इस दिशा में उचित कार्रवाई की जा सके।
एयरपोर्ट रोड की खामियां सुधरेंगी
रोड सेफ्टी की बैठक में एयरपोर्ट रोड की खस्ता हाल का मुद्दा भी उठा। इस दौरान अधिकारियों की दलील थी कि अब यह प्रमुख रोड है। यहां पर रोजाना आम से लेकर हाई प्रोफाइल लोगों का आना-जाना लगा रहता है लेकिन इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। डीसी ने अधिकारियों को हिदायत दी है कि एयरपोर्ट रोड की मरम्मत का काम तुरंत पूरा किया जाए ताकि लोगों को किसी भी प्रकार की दिक्कत न उठानी पड़े। खरड़ से जीरकपुर तक जाता एयरपोर्ट रोड इस समय में रिंग रोड के रूप में काम कर रहा है। इसी रोड पर सबसे ज्यादा सड़क हादसे होते हैं।