फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मुख्यमंत्री के आदेश पर भी पड़ोसियों को नहीं मिला सस्ता पानी

विज्ञापन
विज्ञापन
नयागांव। राज्य के मुख्यमंत्री ने कुछ समय पहले सस्ते रेटों पर पानी मुहैया करवाने का तोहफा लोगों को दिया था। इसके बाद इस पर अमल भी शुरू हो गया। स्थानीय निकाय विभाग की ओर से आदेश जारी कर 21 अक्तूबर से पानी का बिल अधिकतम 50 रुपये प्रति महीना कर दिया गया था, लेकिन मुख्यमंत्री के पड़ोसी फिर भी इस सुविधा का लाभ तक नहीं उठा पा रहे हैं। क्योंकि मोहाली जिले की सभी नगर काउंसिलों में सिर्फ नयागांव का इलाका ही ऐसा है, जहां पर पानी की सप्लाई एवं बिल वाटर सप्लाई एवं सेनिटेशन विभाग की ओर से जारी किए जाते हैं। जबकि वाटर सप्लाई एवं सेनिटेशन विभाग की ओर से पानी का बिल कम करने के आदेश अभी तक जारी नहीं किए गए हैं। ऐसे में करीब ढाई लाख लोग इस सुविधा का लाभ नहीं उठा पा रहे हैं।
विज्ञापन

जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी की कैबिनेट की ओर से प्रदेशवासियों को चुनावी साल में एक के बाद एक तोहफा दिया जा रहे है। इसके मद्देनजर पहले दो किलो वाट तक के बिजली उपभोक्ताओं को उनकी बकाया राशि माफ की गई थी। इसके बाद प्रदेश के शहरी एवं ग्रामीण इलाकों में सभी उपभोक्ताओं का पानी का बिल माफ कर दिया गया और अधिकतम बिल पानी का 50 रुपये प्रति महीना कर दिया गया था। ज्यादातर शहरी क्षेत्रों में जहां पर नगर पालिका या नगर परिषद है, वहां पर पानी की सप्लाई नगर परिषद या नगर पालिका की ओर से ही की जाती है। इसलिए स्थानीय निकाय विभाग की ओर से जारी किए गए आदेश इन जगहों पर लागू होते हैं। आदेश में लिखा है कि पांच मरले तक के (125 स्क्वायर यार्ड तक के) मकानों का बिल पहले से ही माफ किया गया था और इससे ऊपर के सभी मकानों का बिल अब 50 रुपये प्रति महीना आएगा।
वहीं अगर नयागांव की बात करें तो यहां पर पानी की सप्लाई एवं बिल वाटर सप्लाई एवं सेनिटेशन विभाग की तरफ से भेजा जाता है। जहां पर पहले सभी मकानों का 166 रुपये प्रति महीना पानी का बिल आता था। जोकि इस महीने से 10 प्रतिशत की सालाना बढ़ोतरी के साथ तकरीबन 183 रुपये प्रति महीना हो जाएगा। स्थानीय लोगों को संदेह है कि जब स्थानीय निकाय विभाग की ओर तरफ से पहले ही पांच मरले तक के मकानों का बिल माफ था तो अब तक वाटर सप्लाई एवं सेनिटेशन विभाग द्वारा उनसे यह पूरा बिल क्यों लिया जा रहा था। ऐसे में क्या वाटर सप्लाई एवं सेनिटेशन विभाग अब सरकार के आदेशों के बाद बिल 50 रुपये प्रति महीना करेगा भी या नहीं।
विज्ञापन

बिल तुरंत माफ किया जाना चाहिए
नयागांव में पीने के लिए समय पर पानी नहीं मिलता और सप्लाई का समय तय न होने के कारण पानी के लिए पूरी रात जागना पड़ता है। लेकिन बिल पूरा देना पड़ता है। सरकार से अपील करते हैं कि हमारे इलाके का बिल भी माफ किया जाना चाहिए और जो छूट दी गई है, वह भी जल्द से जल्द लागू होनी चाहिए। - हितेन्दर शर्मा, स्थानीय निवासी।
दूर की जाए पानी की दिक्कत
इलाके में हर रोज पानी की समस्या रहती है। कभी गंदा पानी आता है तो कभी पानी आता ही नहीं है। अगर बिजली चली जाए तो विभाग के पास पानी की सप्लाई देने के लिए कोई दूसरा साधन भी नहीं है, फिर भी इलाके में इतना ज्यादा बिल वसूला जाता है। इस पर सरकार को ध्यान देना चाहिए। - गुरदीप सिंह, स्थानीय निवासी।
बिना प्लानिंग के लाई जा रही हैं योजनाएं
कांग्रेस सरकार की ओर से अब चुनाव के आखिरी महीनों में लोगों को लुभाने के लिए कई तरह की योजनाएं लाई जा रही हैं। लेकिन इनकी कोई प्लानिंग नहीं है। दिल्ली के सीएम केजरीवाल ने जिस तरह से दिल्ली में बिजली-पानी मुफ्त किया है। इसी का वायदा पंजाब के लोगों से करने के बाद यहां पर भी जल्द पूरा किया जाएगा। - अनमोल गगन मान, हलका खरड़ इंचार्ज, आप
कांग्रेस सरकार ने पूरा नहीं किया कोई भी वायदा
पिछले साढे़ 4 साल में कांग्रेस सरकार ने जो जनता से वायदे किए थे, उनमें से एक भी वायदा पूरा नहीं किया गया। सत्ता खिसकती देख मुख्यमंत्री की ओर से बिजली बिल माफी की घोषणा की गई है। जिस तरह से हर जगह बिजली के फॉर्म जमा करने के लिए अफरा-तफरी मची हुई है, उसी प्रकार इनका पानी का वायदा भी झूठा और चुनावी वायदा है। - रंजीत सिंह गिल, हलका खरड़ इंचार्ज, शिअद।
क्या कहते हैं अधिकारी
पंजाब कैबिनेट में पानी का बिल 50 रुपये प्रति महीना करने का फैसला लिया गया है। इस मामले में अभी तक विभाग की ओर से कोई लिखित आदेश नहीं आया है। जैसे ही कोई आदेश आता है, उसके हिसाब से हर किसी को इसका फायदा मिलेगा। स्थानीय निकाय विभाग का जो आदेश है, वह उस इलाके में लागू होता है जहां पर पानी की सप्लाई नगर निगम या नगर काउंसिल द्वारा की जाती है। - माइकल, एक्सईएन, वाटर सप्लाई एवं सेनिटेशन विभाग।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें