लुधियाना के एक व्यापारी को तेजधार हथियार से वार कर मौत के घाट उतार दिया गया और शव सतलुज किनारे फेंक दिया गया। गांव ससराली के रहने वाले बलकार सिंह का बिल्डिंग मैटीरियल का कारोबार है और वह गुरुवार से लापता थे। उनकी गाड़ी में लगे जीपीएस सिस्टम से परिवार उनके शव तक पहुंचा। सूचना मिलने के बाद एडीसीपी 4 तुषार गुप्ता और एसीपी ईस्ट गुरदेव सिंह पुलिस पार्टी के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
बलकार सिंह के भाई सतविंदर सिंह ने बताया कि उसके भाई का ताजपुर रोड पर बिल्डिंग मैटीरियल का स्टोर है। गुरुवार को वह दुकान पर काम खत्म कर घर निकला था, लेकिन देर रात तक घर नहीं पहुंचा। परिवार वालों ने काफी तलाशा लेकिन कुछ पता नहीं चला। बलकार की गाड़ी में जीपीएस सिस्टम लगा था। इसके बाद उसकी मदद से गाड़ी ट्रेस करवाई गई। पता चला कि गाड़ी सतलुज दरिया के पास खड़ी है। वहां जाकर देखा तो गाड़ी खाली थी। इसके बाद तलाश की गई बलकार सिंह का खून से लथपथ शव भी मिल गया। पुलिस ने जांच की तो पता चला कि शव पर तेजधार हथियार के निशान थे।
दिसंबर में भी हुआ था कातिलाना हमला
सतविंदर सिंह ने बताया कि बलकार पर यह पहला हमला नहीं है, बल्कि उस पर पहले भी हमला हो चुका है। दिसंबर में भी उस पर कातिलाना वार किया गया था। उस समय भी पुलिस ने मामला दर्ज किया था। सतविंदर ने आरोप लगाया कि उन्हें शक है कि बलकार को मौत के घाट उतारने से पहले कातिलों ने उसे फोन कर वहां बुलाया था। पुलिस को कॉल डिटेल चेक करनी चाहिए और जल्द ही इस मामले से पर्दा हटाना चाहिए। पोस्टमार्टम के दौरान पता चला कि आरोपियों ने बलकार के गले को तेजधार हथियार से रेता है और इसके साथ-साथ उसके सिर पर भी तेजधार हथियार से काफी वार किया गया है जिस कारण उसकी मौत हो गई।
क्या कहते है पुलिस अधिकारी
एसीपी ईस्ट गुरदेव सिंह ने बताया कि आरोपियों का अभी कुछ पता नहीं चल पाया है। शव का पोस्टमार्टम करवा दिया गया है। मृतक की कॉल डिटेल के साथ साथ अन्य थ्योरियों पर भी जांच चल रही है। जल्द ही आरोपियों का पता लगा उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।