पंजाब के जालंधर जिले के कस्बा गोराया के दिलबाग कॉलोनी में पिछले 8 दिनों से लापता व्यक्ति का गला-सड़ा शव खेत में पराली से ढ़का हुआ मिला। शव को पुलिस ने कब्जे में ले लिया है। मृतक की पहचान उत्तर प्रदेश के रहने वाले हरीश वर्मा के रूप में हुई है। जो कि गोराया के दिलबाग नगर में ही किराए पर घर लेकर रह रहा था। उसके साथ उसका जीजा भी रहता था।
पुलिस ने मामले में हत्या के एंगल से जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दिए गए बयानों में रिश्तेदारों ने बताया कि हरीश को पिछले काफी समय से जान से मारने की धमकियां मिल रही थीं। बीते 8 नवंबर को हरीश वर्मा घर से सैर करने के लिए निकला था।
जिसके बाद से उसका कोई अता-पता नहीं था। परिवार हरीश की अपने तौर पर तलाश कर रहा था। मगर कुछ हाथ नहीं लगा। पीड़ितों ने बताया कि हरीश वर्मा गोराया में एक निजी फैक्ट्री में काम करता था। हरीश शादीशुदा था और उसके तीन बच्चे थे। परिवार उत्तर प्रदेश में अपने गांव में ही रहता था। पीड़ित परिवार को हरीश का बाइक और उसका पर्स खेत के आसपास मिला।
जिसके बाद उन्होंने तलाश शुरू की। जब 2 दिन तक वह घर नहीं आया तो, इसे लेकर पीड़ित परिवार द्वारा पुलिस को लापता की शिकायत दर्ज करवाई गई थी। परिजनों को तलाश के दौरान जब खेत से एक जगह बदबू आई तो पराली साइड कर देखा गया। इस दौरान उन्हें हरीश का शव बरामद हुआ।
थाना गोराया के प्रभारी इंस्पेक्टर सुखदेव सिंह ने बताया कि घटना की सूचना दोपहर के वक्त पुलिस कंट्रोल रूम में दी गई थी। जिसके बाद वह जांच के लिए मौके पर पहुंच गई। उन्होंने बताया कि लाश काफी पुरानी लग रही थी। क्योंकि लाश के गले वाला हिस्सा और शरीर के अन्य कई हिस्से गल चुके थे और उन्हें कीड़े पड़ चुके थे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पता चल पाएगा कि मौत कैसे हुई। अगर हत्या हुई है तो, हत्या किस चीज से की गई। जिन लोगों पर परिवार द्वारा आरोप लगाया गया है, उन्हें जल्द जांच में शामिल किया जाएगा। फिलहाल पुलिस ने 174 की कार्रवाई की है।