सिविल अस्पताल पठानकोट में शनिवार मनोरोग विशेषज्ञ महिला डॉक्टर को 2 युवकों ने अगवा करने का प्रयास किया। आरोपी दोस्त की नशे से गंभीर हालत का वास्ता देकर उन्हें अस्पताल के पीछे ले गए और चेकअप के दौरान युवकों ने महिला डॉक्टर को पकड़कर गाड़ी में बैठाने के लिए खींचतान की और गाड़ी लॉक कर ली।
डॉक्टर के साथ गई असिस्टेंट ने शोर मचाया तो युवक डॉक्टर को छोड़ कार समेत फरार हो गए। सहमी हुई डॉक्टर ने इस संबंधी एसएमओ डॉ भूपिंद्र व पुलिस को सारी घटना बताई। डॉक्टर ने बताया कि वह सुबह ओपीडी में बैठी थी। इसी दौरान उनके पास 2 युवक आए और कहने लगे कि उनके दोस्त की नशे की वजह से हालत बहुत सीरियस है और वह ओपीडी तक नहीं आ सकता।
इसलिए कार में ही उसे चेक कर ट्रीटमेंट दे दें। डॉक्टर ने कहा कि उसने उन युवकों को कहा कि मरीज को ओपीडी में लाएं। उनके बार-बार कहने पर वह सिविल अस्पताल के बैकसाइड खड़ी कार में मरीज को देखने चली गई। इस दौरान दो युवक कार में पहले से मौजूद थे और दो बाहर खड़े थे।
वह मरीज का चेकअप करने लगी तो उन युवकों ने कार को अंदर से लॉक कर लिया और नशेड़ी युवकों में से एक ने उसकी बाजू पकड़ कर कार में साथ ले जाने की कोशिश की। असिस्टेंट साथ न होती तो नशेड़ी युवक उन्हें अगवा कर लेते।
डॉक्टर ने कहा कि रोजाना उनके पास कई नशेड़ी इलाज के लिए आते हैं, उक्त लोग कई बार बदतमीजी भी करते हैं, उन्हें सिक्योरिटी प्रदान की जाए। वहीं थाना नंबर एक प्रभारी प्रमोद कुमार का कहना है कि उन्हें इस संबंधी कोई शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलने पर जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।