प्रेसवार्ता करते सुखबीर सिंह बादल।
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शिरोमणि अकाली दल (बादल) के प्रधान सुखबीर सिंह बादल ने कहा कि हमारी सरकार आने पर कांग्रेस सरकार द्वारा दर्ज सभी झूठे केस रद्द होंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री, गृह मंत्री और डीजीपी लगातार घंटों हमारे खिलाफ केस दर्ज करने की योजना बनाते रहे। ऐसे में जब पंजाब के सभी एसएसपी ने इससे हाथ खड़े किए तो डीजीपी के तहत काम करने वाले ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टीगेशन को बिक्रम मजीठिया के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के लिए इस्तेमाल किया।
बादल ने यह बात मंगलवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कही। उन्होंने कहा कि मजीठिया के खिलाफ केस दर्ज करवाना कांग्रेस का पैनिक रिएक्शन है। सुखबीर बादल ने कहा कि वे कांग्रेस की चुनौती को स्वीकार करते हैं। सीएम ने बेअदबी के दोषियों को पकड़ने के लिए एक मिनट नहीं लगाया और डीजीपी के तहत काम करने वाले ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टीगेशन में मजीठिया के खिलाफ झूठा केस दर्ज करवा दिया।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने अकाली कार्यकर्ताओं, बुजुर्गों, बच्चों तथा महिलाओं पर केस दर्ज किए। अकाली सरकार आने पर इन केसों को जांच करवा कर रद्द किया जाएगा और जिन पुलिस अधिकारियों ने यह झूठे केस दर्ज किए हैं, उन्हें नौकरी से भी निकाला जाएगा। इसके साथ ही ऐसे राजनीतिक लोगों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस वह परिवार है, जिसने कभी भी सिख पंथ को स्वीकार नहीं किया। कांग्रेस सरकार ने पिछले दो साल सिख और जनता की भावना से खेला, हर मुद्दे पर राजनीति की। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि हम कानूनी रूप से भी लड़ेंगे और कांग्रेस द्वारा झूठे दर्ज केसों को जनता की कचहरी में लेकर जाएंगे।
मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने बेअदबी के मामलों में तो अभी तक किसी को गिरफ्तार नहीं किया मगर मजीठिया के खिलाफ केस दर्ज करवाने में एक मिनट भी नहीं लगाया। उन्होंने कहा कि सिख पंथ अपने गुरु पर हमला कभी भी बर्दाश्त नहीं करेगा। सुखबीर बादल ने सचखंड श्री हरमंदिर साहिब में हुए बेअदबी के प्रयास मामले की जांच को लेकर डीसीपी के तहत बनाई कमेटी पर सवाल उठाते हुए कहा कि इसमें किसी रिटायर्ड जज या मौजूदा जज की देखरेख में जांच करवानी चाहिए।