कुंडली बॉर्डर पर अपनी मांगों के समर्थन में आंदोलन में बैठे अमृतसर के एक किसान की रविवार को मौत हो गई। अमृतसर के गांव नंगली के किसान मंगल की मौत दिल का दौरा पड़ने से हुई। यह जानकारी किसान मजदूर संघर्ष कमेटी के प्रदेश महासचिव स्वर्ण सिंह पंधेर ने दी।
उन्होंने मृतक किसान के परिवार को केंद्र और पंजाब सरकार द्वारा मुआवजा देने की मांग की। किसान नेता पंधेर ने बताया कि 74 वर्षीय किसान मंगल सिंह पुत्र चन्नन सिंह बाबा बकाला तहसील के अंर्तगत मेहता थानाक्षेत्र के नंगली गांव के रहने वाले थे। यह किसान आंदोलन से पहले से ही उनकी जत्थेबंदी के साथ जुड़े थे। जब भी इसकी कुंडली बॉर्डर पर सेवा लगती है तो वे घर-बार छोड़ वहां पहुंच आंदोलन में डट जाते थे।
किसान मजदूर संघर्ष कमेटी के पंजाब महासचिव पंधेर, सविंदर सिंह चुताला, सुखविंदर सिंह सभरां और जसबीर सिंह पिद्दी ने बताया कि किसान आंदोलन के 374वें दिन आज सायं करीब 3.15 बजे मंगल सिंह को सिंघु बार्डर पर धरने पर बैठने होने के दौरान दिल का दौरा पड़ा।
किसान मंगल सिंह को हरीशचंद्र अस्पताल, नरेला (दिल्ली) ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत करार दे दिया। उन्होंने कहा कि किसान आंदोलन में एक और किसान शहीद हो गया है। किसान नेताओं ने कहा कि किसानों की मांगों को लेकर शुरु किया गया आंदोलन उनकी अंतिम मांग माने तक जारी रहेगा। आंदोलन में शहीद किसान के परिवार को केंद्र और राज्य सरकार से मुआवजा दिए जाने की मांग करते हुए बताया कि मंगल सिंह का पोस्टमार्टम करवाए जाने के बाद शव अमृतसर भेज दिया जाएगा।