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स्वतंत्रता दिवस पर विशेष : ...जब अंग्रेजों ने 'बनारसी पान' पर लगा दी थी रोक

Wed, 16 Aug 2017 10:10 AM IST
टीम डिजिटल,वाराणसी
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paan - फोटो : अमर उजाला
बनारस की आन, बान और शान कहा जाने वाला 'बनारसी पान' मेगास्टार अमिताभ बच्चन से लेकर बालीवुड के बेताज बादशाह शाहरुख खान तक की पसंद बना चुका है। लेकिन क्या आपको पता है कि एक समय ऐसा भी था, जब इस पान पर रोक लगा दी गई थी। आगे की स्लाइड में पढ़ें पूरी कहानी...
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नदेसर स्थित एक पान दूकान पर - फोटो : अमर उजाला
बनारस की बात हो और बनारसी पान का जिक्र न हो तो जैसे सबकुछ अधूरा सा लगता है। भारत ही नहीं पूरी दुनिया में लोग इसके कायल हैं। यहां आने वाले देसी-विदेशी पर्यटक पान का एक बीड़ा जरूर घुलाते हैं। इसका स्वाद उन्हें अपना दीवाना बना देता है।
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paan - फोटो : अमर उजाला
बनारस में विभिन्न तरह के पान मिलते हैं जिसे लोग अपनी पसंद के अनुसार खाते हैं। हर पान की अपनी एक खासियत होती है। फिर चाहे वो पाइनेपल पान, एप्पल पान ,स्ट्राबेरी पान, नवरत्न पान, राजरत्न पान , ऑरेंज पान, चॉकलेट पान हो या फिर आइस पान ।

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paan - फोटो : अमर उजाला
 चौक स्थित 130 साल पुरानी पान की दुकान रामस्वरूप चंद्र ताम्बूल के मालिक पवन चौरसिया ने बताया कि आज पूरी दुनिया में भले ही बनारसी पान प्रसिद्ध हो लेकिन एक समय ऐसा भी आया था जब अंग्रेजों ने इस पर रोक लगा दी थी।
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pan - फोटो : self
पवन ने बताया कि आजादी की लड़ाई के दौरान क्रांतिकारियों की गतिविधियां बढ़ चुकी थीं। अंग्रेजों को यह बर्दाश्त नहीं हो रहा था। उस समय रणभेरी नामक अखबार क्रांतिकारियों की विचारधार का सबसे बड़ा समर्थक बन गया था। इसी दौरान अंग्रेजों ने पान खाने से लेकर पान की बिक्री पर पाबंदी लगा दी। उन्हें शक था कि स्वातंत्र्य आंदोलन में इसकी भी कोई भूमिका है। 
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paan - फोटो : self
जब अंग्रेजों ने पान खाने पर रोक लगाई तो उनके पवन के मुताबिक उनके पूर्वजों ने इसका तोड़ निकाल लिया। वे दोने में पान रख कर उसे रणभेरी अखबार के नीचे छिपा देते थे। इस तरह से घर-घर में पान की सप्लाई करते थे। इस तरीके के कारण अंग्रेज उन्हें पकड़ नहीं पाते थे।  
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paan - फोटो : self
उन्होंने बताया कि बनारसी पान की सबसे बड़ी खासियत यह है कि मुंह में रखते ही ये घुल जाता है। बनारसी पान इसलिए भी खास है क्योंकि इसमें लगाया जाने वाला कत्था, चूना, आदि घर में ही बनाया जाता है। इस वजह से इसे किसी भी उम्र के लोग खा सकते हैं। 
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paan - फोटो : self
बनारसी पान की लोकप्रियता का आलम यह है कि इसे दिल्ली, मुम्बई, लखनऊ, आगरा, कोलकाता, तथा विदेशों में भी भेजा जाता है। फ्लेवर्ड पान के साथ अब बर्फ डालकर बनाया जाने वाला आइस पान भी युवाओं में खूब पसंद किया जा रहा है। बनारसी पान पांच रुपये से लेकर 30 रुपये तक में बेचा जाता है।
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