भाई-बहन के प्रेम का अटूट पर्व रक्षाबंधन 11 अगस्त को ही मनाया जाएगा। ज्योतिषाचार्यों और धर्मगुरुओं का कहना है कि यही दिवस शास्त्र सम्मत और अति उत्तम है। सुबह 10:38 बजे से तिलक के लिए शुभ मुहूर्त शुरू होगा। हालांकि दोपहर 1:30 से अपराह्न 3:00 बजे तक राखी नहीं बांधी जाएगी।ज्योतिषाचार्य का कहना है कि रक्षाबंधन के संबंध में सोशल मीडिया पर वायरल होन रही विभिन्न जानकारियों को सच न मानें विभिन्न पांचांगों के अनुसार जो सही तिथि है उसी दिन रक्षाबंधन मनाना उत्तम है। इसलिए पर्व की तिथियों और दिन को लेकर अन्य किसी तरह का भ्रम न रखें।
देश के विभिन्न पंचांगधर्म सिंधू, निर्णय सिंधू ,पीयूष धारा, मुहूर्त चिंतामणि, पंचांग दिवाकर, तारा प्रसाद, दिव्य पंचांग सहित अन्य के अनुसार 11 अगस्त को ही पर्व की उत्तम परिस्थितियां बन रही हैं। इंडियन काउंसिल ऑफ एस्ट्रोलॉजिकल साइंस के सचिव आचार्य कौशल वत्स ने बताया कि 11 अगस्त को सुबह 10:38 बजे तक चतुर्दशी तिथि है। इसके बाद पूर्णिमा तिथि शुरू हो रही है।