घटना से पहले का फुटेज हाथ लगा
पुलिस सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही थी तो एक संदिग्ध दोनों बच्चों के साथ जाता दिखा। कई जगह सीसीटीवी कैमरे में वह कैद हुआ। कुछ वीडियो भी पुलिस के हाथ लगी। वारदात के बाद जाहिद ने ई-रिक्शा शौकीन को दे दिया। शौकीन ने बैटरी अपने घर में रख ली और ई-रिक्शा को एक जगह छोड़ दिया।
जाहिद को पहचानते थे बच्चे
आरोपी ने पुलिस को बताया कि पहले उसने भोला नाम के ई-रिक्शा चालक को रोका, लेकिन उसने जंगल में जाने से इनकार कर दिया। जिसके बाद इन दोनों बच्चों को रोका और 150 रुपये में भाड़ा किया। वह केवल ई-रिक्शा लूटना चाहता था, लेकिन दोनों बच्चे उसे पहचानते थे, जिसके चलते उनकी हत्या की।
रात में नहीं आती थी नींद
हत्यारोपी जाहिद ने बताया कि जिस तरह पुलिस खुलासे में लगी थी तो उसे राज खुलने का डर सताने लगा था। जिसके चलते उसे रातभर नींद नहीं आती थी। जब भी पुलिस शाहजहांपुर आती और दुकानों पर लगी वीडियो फुटेज खंगालती तो वह आसपास रहकर नजर रखता था।
थाने पर जुट गई भीड़
सादिक व अमन के आरोपी को पकड़ने की जानकारी मिलने पर सैकड़ों की भीड़ थाने पहुंच गई और पुलिस से आरोपी को बाहर निकालने की मांग की। दोनों किशोरों की मां और परिजन हत्यारोपी को कोस रहे थे। पुलिस के समझाने पर परिजन शांत हुए।