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Hathras Stampede: इसलिए किसी को अंदर नहीं ले जाने देते थे मोबाइल और कैमरा... गवाह ने बताया भगदड़ मचने का कारण

Mon, 08 Jul 2024 11:09 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस
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Hathras Stampede - फोटो : अमर उजाला
हाथरस के सिकंदराराऊ में हुई भगदड़ के बाद अब एजेंसी और पुलिस की टीम जांच में जुटी हैं। इस पूरे घटनाक्रम का कोई भी वीडियो फुटेज नहीं सामने आया है। इसके कुछ ऐसे ही वीडियो सामने आ रहे हैं, जिसमें जीटी रोड पर वाहनों में सवार होकर जाते कुछ लोग भीड़ कैद करते हुए निकल रहे हैं। इसके अलावा कोई चश्मदीद वीडियो साक्ष्य नहीं मिला है। 
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hathras stampede - फोटो : पीटीआई
एक वीडियो ऐसा जरूर आया है कि बाबा का काफिला भीड़ से होकर तेजी से निकला है और उनके बाइक सवार सिक्योरिटी गार्ड पीछे जा रहे हैं। फिर भगदड़ में मौतों का कोई वीडियो नहीं है। 
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Hathras Stampede - फोटो : अमर उजाला
इस सबके पीछे की मूल वजह यही है कि बाबा के आयोजन में लोगों को मोबाइल-कैमरा ले जाने की अनुमति नहीं होती थी। इसके पीछे की मूल वजह है कि कहीं लोग किसी भी हरकत या गतिविधि को कैद न कर लें। इसी वजह से पुलिस-प्रशासन को भी अंदर जाने की अनुमति नहीं होती थी।

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hathras stampede - फोटो : अमर उजाला
यातायात प्रबंध में जुटी पुलिस भी न बना सकी वीडियो
भगदड़ की ये घटना आयोजन स्थल के बाहर जीटी रोड पर हुई। जीटी रोड पर यातायात प्रबंधन में पुलिस लगी थी। मगर वह भी इतनी दूर थी कि भगदड़ के दौरान के कोई वीडियो नहीं बना सकी। जो शायद साक्ष्य बनते।
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hathras stampede - फोटो : अमर उजाला
गवाह बोला- बाबा ने कहा, चरण रज लेकर जाना... तभी मची भगदड़
धर्मगुरु नारायण साकार विश्व हरि भोले बाबा के सत्संग में भगदड़ में हुई 121 मौतों के मामले की जांच कर रहे न्यायिक आयोग की तीन सदस्यीय टीम ने स्थानीय लोगों और हादसे के प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज किए। कुल 34 लोगों ने बयान दर्ज कराए। एक गवाह ने कहा कि बाबा ने कहा था कि सत्संग के बाद चरण रज लेकर जाना। इसके चक्कर में लोग एक-दूसरे पर गिर गए और भगदड़ मच गई।
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hathras stampede - फोटो : अमर उजाला
पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में रविवार को आयोग के समक्ष बयान में हाथरस के देव चौधरी ने कहा कि एटा से आते समय भगदड़ देखी तो रुक गए। महिलाएं रो रही थीं। करीब 20 शवों को हमने उठाकर वाहनों में रखवाया। वहां बाबा की कोई सुरक्षा व्यवस्था, सेवादार नहीं थे। 
 
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hathras stampede - फोटो : अमर उजाला
चौधरी के अनुसार, सत्संग में आए लोगों ने उन्हें बताया कि बाबा ने प्रवचन के बाद कहा था कि चरण रज लेकर जाएं। रज लेने की होड़ में लोग पैरों के नीचे आते गए। अगर बाबा माइक से रुकने को कहते, तो हादसा इतना बड़ा न होता। कई अन्य चश्मदीदों ने भी ऐसे ही आरोप लगाए। 

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hathras stampede - फोटो : अमर उजाला
आयोग ने लोगों से घटना की शुरुआत, मरीजों व शवों के पहुंचने पर अस्पताल में मिली सुविधा और प्रशासन व पुलिस की भूमिका जैसे सवाल पूछे। अध्यक्ष जस्टिस बीके श्रीवास्तव ने कहा, स्थानीय लोगों और गवाहों को सबूत व बयान पेश करने के लिए सार्वजनिक नोटिस जल्द जारी किया जाएगा। 

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hathras stampede - फोटो : पीटीआई
भोले बाबा के वकील का दावा, कुछ लोगों ने जहरीले स्प्रे से भगदड़ मचाई
भोले बाबा के वकील एपी सिंह ने दिल्ली में पत्रकारों के सामने हादसे के पीछे साजिश का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, सत्संग में मौजूद रहे लोगों ने मुझे बताया है कि 10 से 15 लोग जहरीले स्प्रे वाले केन लेकर आए थे।
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hathras stampede - फोटो : पीटीआई
इसी के जरिये घटनास्थल पर अफरातफरी मचाई गई। सिंह ने कहा, मैंने कुछ पोस्टमार्टम रिपोर्ट देखी है और इसमें मौत का कारण कुचलना नहीं, बल्कि दम घुटना बताया गया है। मेरे पास सारे सबूत हैं जिसे समय आने पर सामने रखूंगा। 
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