बरेली के पीलीभीत बाइपास पर 22 जून को हुई फायरिंग के मामले में नामजद भाजपा के पूर्व विधायक राजेश मिश्रा उर्फ पप्पू भरतौल के भाई रमेश मिश्रा के लक्ष्य रिसॉर्ट को सील कर दिया गया। तीन-तीन नोटिस के बाद शनिवार को रिसॉर्ट पर हुई सीलिंग की कार्रवाई सवालों में है। सवाल उठ रहा है कि बीडीए पहले नोटिस जारी करने तक ही सीमित क्यों था? कहीं किसी दबाव में तो अधिकारी नहीं थे? नोटिस के बावजूद कार्रवाई क्यों नहीं हुई? क्या सियासी रसूख के चलते कार्रवाई लक्ष्य से भटकती रही? साथ ही इधर, गोलीकांड में पूर्व विधायक के नामजद होते ही 26 जून को उनके भाई के लक्ष्य रिसॉर्ट पर कार्रवाई की पटकथा लिख दी गई।
विज्ञापन
2 of 7
बीडीए ने रिसॉर्ट पर चस्पा किए नोटिस
- फोटो : अमर उजाला
बीडीए ने बीते बुधवार को रिसॉर्ट का शमन प्रस्ताव निरस्त कर दिया। साथ ही सीलिंग का निर्णय किया गया। यही नहीं शनिवार को सीलिंग की कार्रवाई के दौरान रिसॉर्ट पर तीन-तीन नोटिस चस्पा करके पुरानी कार्रवाइयों का ब्योरे को भी दर्शाया गया है।
विज्ञापन
3 of 7
लक्ष्य रिसॉर्ट सील
- फोटो : अमर उजाला
लक्ष्य रिसॉर्ट का मामला वर्ष 2022 से चल रहा है। इसका निर्माण गलत होने को लेकर आखिरी नोटिस 26 अगस्त 2022 को दिया गया था। उस नोटिस में आपत्तियों का निराकरण जल्द करने के लिए रमेश से बीडीए ने कहा था। इसके बाद से बीडीए की ओर से कोई कार्रवाई नहीं हुई।
4 of 7
बीडीए की टीम ने रिसॉर्ट को किया सील
- फोटो : अमर उजाला
लंबे अंतराल के बाद शनिवार को हुई कार्रवाई से सवाल खड़े हो रहे हैं कि दो साल तक पूर्व विधायक के भाई के पास कोई नोटिस क्यों नहीं पहुंचा और रिसॉर्ट पर कार्रवाई क्यों नहीं हुई? क्या ये कार्रवाई पूर्व विधायक के राजनैतिक दबदबे या क्षेत्र में उनके रसूख के कारण रुकी थी? इधर, मामला बिगड़ा तो बीडीए ने कार्रवाई कर दी।
विज्ञापन
5 of 7
सीलिंग की कार्रवाई करती बीडीए की टीम
- फोटो : अमर उजाला
चोरी-चोरी रात को निर्माण कराते थे रमेश
रिसॉर्ट को सील करने के बाद लगाई नोटिस में लिखा गया है कि बीडीए की ओर से 26 फरवरी 2022 को नोटिस भेजा गया था। साथ ही निर्माण रोकने की बात कही गई थी। उसके बाद से निर्माण कार्य रोकने के लिए विभागीय गैंग के सहयोग से प्रयास भी किया गया, लेकिन रात को चोरी छिपे निर्माण कार्य किया जा रहा है। इस वजह से निर्माण और उसकी सुविधाओं को सील किया जाना जरूरी है।
विज्ञापन
6 of 7
बरेली विकास प्राधिकरण
- फोटो : अमर उजाला
बीडीए उपाध्यक्ष मनिकंडन ए. ने बताया कि अवैध संपत्तियों के खिलाफ कार्रवाई लगातार चल रही है। कई इनपुट मिले हैं। अभी इसमें नोटिस जारी कर दिया गया है। आगे की जो भी विधिक कार्रवाई होगी वह की जाएगी।