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बस्तियों से निकलने लगा बाढ़ का पानी, शिविर भी होने लगे खाली 

Sat, 14 Aug 2021 09:33 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

  • बस्तियों से निकलने लगा बाढ़ का पानी, शिविर भी होने लगे खाली
  • डीएम ने प्रभावित क्षेत्रों का किया निरीक्षण, सफाई और कीटनाशकों के छिडक़ाव पर रहा जोर
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prayagraj news : बाढ़ का पानी कम होने के बाद साफ-सफाई में जुटे लोग। - फोटो : prayagraj
बाढ़ का पानी बस्तियों से निकलने लगा है। इसी के साथ राहत शिविर भी खाली होने लगे हैं। हालांकि, पूरी तहर से पानी निकलने तथा सफाई होने तक प्रशासन की ओर से शिविर संचालित किए जाएंगे। गंगा और यमुना नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से नीचे चला गया है। पानी घटने का यह क्रम लगातार जारी है। बेली कछार, बघाड़ा, नेवादा आदि के निचलने इलाकों में अब भी बाढ़ का पानी है। यमुना नदी के किनारे करेली के मोहल्लों से भी पानी निकल गया है।
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prayagraj news : गंगा यमुना का जलस्तर तेजी से घट रहा है। - फोटो : prayagraj
ऐसे में डीएवी इंटर कॉलेज, चेतना स्कूल आदि राहत शिविरों से लोगों के जाने का क्रम शुरू हो गया। हालांकि, ईश्वर शरण, मेहबूब अली, एनी बेसेंट स्कूल आदि राहत शिविरों में शरण लेने वाले ज्यादातर परिवारों के घरों से भी पानी निकल गया है लेकिन उन्हें सफाई का इंतजार है। मेहबूब अली की फातिमा, असरार आदि का कहना था कि अभी गली में बहुत कचरा है।
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prayagraj news : बाढ़ का पानी घटने के बाद मुहल्ले पट गए कचरे से। - फोटो : prayagraj
बदबू भी है। इसके लिए निचलने इलाके में अभी विद्युत आपूर्ति भी बहाल नहीं हुई है। प्रशासन की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार कुल 22 राहत शिविरों में अब भी 4950 लोग रह रहे हैं। यह संख्या बृहस्पतिवार से बनी हुई है।

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prayagraj news : बाढ़ का पानी कम होने के बाद साफ-सफाई में जुटे लोग। - फोटो : prayagraj
डीएम संजय कुमार खत्री ने शनिवार को बाढ़ प्रभावित बक्शी मोढ़ा गांव, करैलाबाग आदि क्षेत्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने बाढ़ पीड़ितों से बात भी की। डीएम ने अफसरों को लगातार नजर बनाए रखने का निर्देश दिया। साथ ही अभियान चलाकर सफाई तथा छिडक़ाव कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अफसरों को भी समुचित इंतजाम के निर्देश दिए। डीएम ने एनी बेसेंट राहत शिविर का भी निरीक्षण किया और आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान केंद्र प्रभारी सहायक जिला विद्यालय निरीक्षक केके त्रिपाठी अनुपस्थित रहे। इस पर डीएम ने उनसे स्पष्टीकरण मांगा है। निरीक्षण के दौरान एडीएम वित्त एवं राजस्व एमपी सिंह, एसडीएम सदर विवेक चतुर्वेदी आदि मौजूद रहे।
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prayagraj news : बाढ़ का पानी कम होने के बाद साफ-सफाई में जुटे लोग। - फोटो : prayagraj
सपाइयों ने बांटी खाद्य सामग्री
प्रयागराज। सपा युवजन सभा की ओर से शनिवार को छोटा बघाड़ा, बक्शी बांध आदि मोहल्लों में बाढ़ पीड़ितों को दूध, ब्रेड, पानी, मिट्टी का तेल, मोमबत्ती, माचिस आदि का वितरण किया गया। उन्होंने प्रशासन की ओर से समुचित व्यवस्था नहीं किए जाने का भी आरोप लगाया। राहत सामग्री वितरित करने वालों में पूर्व सांसद नागेंद्र पटेल, पूर्व जिलाध्यक्ष रवींद्र यादव, शिवा त्रिपाठी, पार्षद नितिन यादव, गुलाब पाल, ऋषभ यादव, बलवंत यादव, अरुण गुप्ता, अखिलेश आदि शामिल रहे।
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prayagraj news : बाढ़ का पानी कम होने के बाद साफ-सफाई में जुटे लोग। - फोटो : prayagraj
वसुधा फाउंडेशन ने बांटी राहत सामग्री
प्रयागराज। वसुधा फाउंडेशन और सिविल डिफेंस की ओर से शनिवार को नेवादा आदि क्षेत्रों में बाढ़ पीड़तों के बीच लाई, चना, गुड़, बिस्किट, मोमबत्ती के दो सौ पैकेट बांटे गए। राहत सामग्री वितरित करने वालों में सिविल डिफेंस के रवि शंकर द्विवेदी, प्रमोद भारतीया, वसुधा फाउंडेशन की पूर्णिमा सिंह, ऊषा गुप्ता, ऋजू श्रीवास्तव, रंजना गुप्ता, नमिता जायसवाल, नीलम प्रियदर्शी, ममता बरनवाल आदि शामिल रहीं।
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prayagraj news : बाढ़ का पानी कम होने के बाद साफ-सफाई में जुटे लोग। - फोटो : prayagraj
तीन दिनों से सड़ रहा मरा जानवर
प्रयागराज। बेली कछार में पप्पू डेयरी वाले के पास मरा जानवर बाढ़ के पानी में तीन दिनों से सड़ रहा है। उसे कुत्ते उसे नोच रहे हैं। इससे पूरे क्षेत्र में बदबू है तथा बीमारी का खतरा बन गया है। लोगों ने नगर निगम के अफसरों के अलावा अन्य लोगों से शिकायत की लेकिन उसे हटाया नहीं गया।

बाढ़ में घिरे मकानों की गिरने लगीं दीवारें
करीब एक सप्ताह से बाढ़ में घिरे मकानों के गिरने का खतरा भी बन गया है। बेली कछार में एक मकान की दीवार ढह गई है। मुश्किल यह दो मंजिला इस मकान में लोग रह भी रहे हैं।
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