आगरा: आईजी नवीन अरोरा
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आईजी नवीन अरोरा ने बताया कि मुकेश ठाकुर ने वर्ष 2004 में गांव के ही रामचरन की हत्या रंजिश में की थी। इसके बाद वह बदमाश बन गया। उस पर आगरा के थाना इरादतनगर में दो, छत्ता में एक, जगनेर में छह, बसई जगनेर में तीन, सैंया में एक, धौलपुर के बसेड़ी में 22, सैपऊ, सरमथुरा, मनिया, भरतपुर के बयाना, सेवर, मध्य प्रदेश के भिंड के गोरमी में एक-एक मुकदमा दर्ज है। वह आगरा के छह मुकदमों में वांछित था। उस पर जयपुर से भी 25 हजार रुपये का इनाम है।
पुलिस के मुताबिक, मुकेश ठाकुर ने वर्ष 2004 में गांव के ही रामचरन की रंजिश में हत्या की थी। उसका कुछ दिन पहले विवाद हुआ था। इससे गांव में दबदबा कायम किया। वर्ष 2009 में आजीवन कारावास की सजा हुई। तब वो पेरोल पर छूट गया। इसके बाद कोर्ट में हाजिर नहीं हुआ। वह धौलपुर के सैपऊ थाना क्षेत्र के कैंथरी गांव के पास से दो पुलिसकर्मियों की रायफल लूटकर फरार हो गया था।