अगर आप थोड़ा समय पीछे चले जाएं, तो आपको याद आएगा की ग्रामीण क्षेत्रों में लोग चूल्हे पर खाना बनाते थे। पहले जंगलों से लकड़ियां काट कर लाते थे, और फिर काफी मेहनत से आग जलाकर अपना खाना बनाते थे। चूल्हे का खाना खाना लोगों को भले ही स्वादिष्ट लगता हो, लेकिन इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता कि इससे निकलने वाली गैस हमारे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होती है। इसी बात को ध्यान रखते हुए 1 मई 2016 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 'प्रधानमंत्री उज्जवला योजना' की शुरुआत की गई। इस योजना के तहत गरीबी रेखा से नीचे के परिवारों की महिला को मुफ्त गैस कनेक्शन दिया जाता है। अगर आपने अब तक इस योजना का लाभ नहीं लिया है, तो चलिए हम आपको बताते हैं कि आप कैसे रसोई गैस के लिए आवेदन कर सकते हैं। आप अगली स्लाइड्स में इस बारे में जान सकते हैं...