फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चाणक्य नीति: जिस व्यक्ति के जीवन में होते हैं ये सुख, उसके लिए धरती पर ही स्वर्ग

Mon, 31 May 2021 09:27 AM IST
Shashi Shashi धर्म डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
1 of 4
आचार्य चाणक्य - फोटो : Social media
आचार्य चाणक्य बहुत ही कुशाग्र बुद्धि के श्रेष्ठ विद्वान थे। इनके द्वारा अर्थशास्त्र, राजनीति शास्त्र जैसे महत्वपूर्ण शास्त्रों की रचनी की गई। इन्हें विष्णु गुप्त और कौटिल्य के नाम से भी जाना जाता है। चाणक्य के द्वारा वर्षों पहले लिखी गई नीति शास्त्र की बातें आज भी व्यक्ति को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती हैं। नीति शास्त्र की बातें कुछ लोगों को बहुत ही कड़वी और कठीन लगती हैं लेकिन ये व्यक्ति को जीवन की सत्यता से अवगत कराती हैं। नीतिशास्त्र बातें व्यक्ति के जीवन के हर पहलू को बहुत ही करीब से स्पर्श करती हैं। आचार्य चाणक्य की बताई गई नीतियों को यदि सही प्रकार से समझकर अपने जीवन में उतारा जाए तो व्यक्ति अपने सामाजिक और निजी जीवन को सुखी और संतुष्ट बना सकता है। तो चलिए जानते हैं व्यक्ति के सुखों के विषय में क्या कहती है चाणक्य नीति।
विज्ञापन

2 of 4
आचार्य चाणक्य - फोटो : Social media
जिसका पुत्र आज्ञाकारी हो
आचार्य चाणक्य कहते हैं कि जिस व्यक्ति का पुत्र आज्ञाकारी हो और सदैव उसकी आज्ञा का पालन करता हो अपने पिता का सम्मान करता हो। ऐसे व्यक्ति के लिए धरती पर ही स्वर्ग होता है।
विज्ञापन

3 of 4
आचार्य चाणक्य - फोटो : Social media
अच्छे आचरण की पत्नी
जिस व्यक्ति की पत्नी धर्म का अनुसरण करने वाली हो ऐसे व्यक्ति के लिए धरती पर ही स्वर्ग के समान सुख होते हैं। अच्छे आचरण की स्त्री पूरे परिवार के जोड़कर रखती है, हर परिस्थिति में अपने पति का साथ निभाती है। धर्म का आचरण करने वाली स्त्री स्वयं तो सम्मान पाती ही है साथ ही अपने पति और परिवार का मान भी बढ़ाती है। इसलिए ऐसे व्यक्ति के लिए धरती पर ही स्वर्ग के समान है।
विज्ञापन

4 of 4
आचार्य चाणक्य - फोटो : social media
जो आत्मिक रूप से संतुष्ट हो
कहते हैं कि मन की शांति से बड़ा कोई सुख नहीं होता है। जिसका मन किसी भी कार्य को लेकर संतुष्ट नहीं होता है वह हमेशा दुखी होता रहता है और जिस व्यक्ति के पास आत्म संतुष्टि है उसके लिए धरती पर ही स्वर्ग के समान सुख है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें