आज कार्तिक कृष्ण पक्ष की चतुर्थी है। आज के दिन महिलाओं द्वारा अपने पति की लंबी उम्र के लिये करवाचौथ का व्रत किया जाता है और चांद देखकर व्रत का पारण किया जाता है। इस बार करवा चौथ का पर्व रविवार को पड़ रहा है, जो कि बेहद शुभ संयोग लेकर आया है। करवाचौथ के इस व्रत को करक चतुर्थी, दशरथ चतुर्थी के नाम से भी जाना जाता है। करवा चौथ का यह व्रत तीज के बाद सबसे कठिन व्रतों में से एक माना गया है. करवा चौथ के व्रत में अन्न और जल का त्याग किया जाता है, इसीलिए करवा चौथ के व्रत को निर्जला व्रत भी कहा जाता है। आज के दिन यानि करवाचौथ का सुहागिन स्त्रियों को वर्ष भर इंतजार रहता है। आज करवाचौथ के दिन सुहागिन स्त्रियां सोलह श्रृंगार करती हैं, पूजा करते समय करवा चौथ व्रत की कथा सुनने के बाद और फिर चंद्रमा के दर्शन करने के उपरांत छलनी से अपनी पति का चेहरा देखती हैं और फिर इस व्रत का पारण करती हैं।