आंवला नवमी पूजा विधि, सामग्री और कथा
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आंवला नवमी पूजन विधि
प्रात: सूर्योदय से पूर्व स्नान करके पूरे विधि-विधान के साथ आंवले के पेड़ की पूजा की जाती है। आंवले पर जल, कच्चा दूध चढ़ाने के बाद कुमकुम, हल्दी-चावल, आंवला, फूल एवं कुछ मीठा अर्पित करें।फिर वृक्ष के मोली लपेटकर दीप प्रज्वलित करें। तत्प्श्चात आंवला के पेड़ की 7 बार परिक्रमा करें। पेड़ के नीचे बैठकर कुछ देर तक माता लक्ष्मी,भगवान विष्णु एवं गौरी-शंकर का ध्यान करें और पेड़ को प्रणाम करें। आवंला नवमी की कथा भी सुन सकते हैं। इसके बाद परिवार सहित आंवले के पेड़ के नीचे बैठकर भोजन करें। लेकिन यदि आज आंवले के पेड़ के नीचे बैठकर भोजन न कर पाएं तो आंवला खाएं। आंवला नवमी के दिन आंवला वृक्ष का पूजन कई यज्ञों के बराबर शुभ फल देने वाला बताया गया है।