जम्मू-कश्मीर में सड़क, रेल और हवाई मार्ग से आने वाले यात्रियों को लिए अलग-अलग नियम हैं। प्रदेश के प्रवेशद्वार लखनपुर में नई व्यवस्था के तहत कोविड वैक्सीन की दोनों डोज लेने वाले यात्रियों को प्रमाणपत्र दिखाने पर बिना टेस्ट के प्रवेश मिलना शुरू हो गया है। वहीं रेल और हवाई मार्ग से आने वाले यात्रियों के अभी भी रैपिड और आरटीपीसीआर टेस्ट किए जा रहे हैं। हालांकि, देशभर में राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए एक सामान्य आदेश में वैक्सीन की दोनों डोज लेने वालों को बिना रैपिड टेस्ट एंट्री की व्यवस्था की गई है। जिला जम्मू में दैनिक आधार पर 5 से 6 हजार के बीच कोविड टेस्ट किए जा रहे हैं, जो संभाग के किसी भी जिले से सबसे अधिक हैं। इनमें 1000 के करीब आरटीपीसी कोविड टेस्ट किए जाते हैं। इसमें जम्मू रेलवे स्टेशन पर दैनिक 3000 या यात्रियों की संख्या बढ़ने में और अधिक टेस्ट किए जा रहे हैं। इसी तरह जम्मू एयरपोर्ट पर औसतन दैनिक आधार पर 400 से 500 कोविड टेस्ट किए जा रहे हैं। इस टेस्टों के दौरान कई बार यात्रियों की स्टाफ सदस्यों के साथ कहासुनी हो जाती है, उनका कहना होता है कि वे संबंधित गृह क्षेत्र से दोनों कोविड की वैक्सीन ले चुके हैं, लेकिन उन्हें वैक्सीन के प्रणामपत्र दिखाने के बावजूद जम्मू रेलवे स्टेशन और एयरपोर्ट पर दोबारा कोविड टेस्ट करवाने के लिए मजबूर किया जाता है।