अगले साल न्यूजीलैंड में आयोजित होने वाले अंडर-19 क्रिकेट वर्ल्ड कप के लिए टीम का चयन हो गया है जिसमें अपने राज्य का बॉस्केटबॉल टीम में प्रतिनिधत्व करने वाले खिलाड़ी का भी चयन किया गया है। जी हां हम बात कर रहे हैं राजस्थान के 17 साल के तेज गेंदबाज कमलेश नागरकोटि की जिनका हाल ही में इंडिया अंडर-19 टीम में सलेक्शन हुआ है। कमलेश ने 'अमर उजाला' से खास बातचीत में बताया अपनी छोटी सी उम्र में तय किया गया लंबा और शानदार सफर
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भारत के लिए खेलेंगे आप कैसा लग रहा है?
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कमलेश नागरकोटि
- फोटो : Amar Ujala
हूं तो खिलाड़ी मगर ये लम्हा लफ्जों में बयां नहीं कर सकता क्योंकि जब मुझे ये पता चला कि मेरा सलेक्शन हो गया है तब से मैंने कुछ भी नहीं खाया है।
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कब पता चला कि जल्द देश के लिए वर्ल्डकप खेलने वाले हो?
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कमलेश नागरकोटि
- फोटो : Amar Ujala
आज दोपहर मुझे कॉल आया कि मैं वर्ल्डकप के लिए इंडिया अंडर-19 टीम का हिस्सा हूं तो मानो मेरे पैरों तले धरती खिसक गई हो मगर मेरे परिवार ने मुझे इस बात का यकीन दिलाया कि मेरी मेहनत रंग लाई।
क्या क्रिकेटर ही बनना चाहते थे ?
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कमलेश नागरकोटि
- फोटो : Amar Ujala
हां मैं बचपन से ही क्रिकेटर बनना चाहता था मगर मेरे पिता आर्मी में हैं इसलिए आर्मी स्कूल में शुरूआती पढ़ाई के दौरान हर खेल खेला।
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बास्केटबॉल में राजस्थान को रिप्रजेंट कैसे किया ?
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कमलेश नागरकोटि
- फोटो : Amar Ujala
जैसा कि आपको बताया मुझे बचपन से ही कोई ना कोई खेल खेलने से मतलब था तो मैंने शुरू में खूब बास्केटबॉल खेली जिसका नतीजा ये हुआ कि मुझे नेशनल लेवल पर राजस्थान से खेलने का मौका मिला।
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क्या छोटी टीम इंडिया से बड़ी टीम इंडिया में जाने का कोई प्लान?
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कमलेश नागरकोटि
- फोटो : Amar Ujala
हर क्रिकेटर का सपना होता है कि वो देश की राष्ट्रीय टीम से खेले। मैंने भी बचपन से यही सपना देखा था। फिलहाल इंडिया अंडर-19 खेलकर अपने कॅरिअर को रिफॉर्म करूंगा और पूरा ध्यान वर्ल्डकप पर लगाउंगा और अच्छा परफॉर्मेंस देने की पूरी कोशिश करूंगा।
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आपके क्रिकेटिंग रोल मॉडल कौन हैं ?
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भुवनेश्वर कुमार और मोहम्मद शमी। मैं भुवी सर की तरह स्विंग और शमी सर की तरह लाइन, लैंथ और स्पीड अपनी गेंदबाजी में चाहता हूं।
आप उत्तराखंड से हैं राजस्थान से कैसे खेलना शुरू किया?
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फाइल फोटो
पापा आर्मी में है इसलिए यहां वहां उनकी पोस्टिंग रहती थी फिर हम सपरिवार उत्तराखंड के अल्मोड़ा से राजस्थान आ गए और जयपुर में ही मेरी पूरी पढ़ाई हुई। यहीं रहकर मैंने अपनी क्रिकेट खेलने की शुरूआत की।
आपके टैलेंट को सबसे पहले किसने नोटिस किया?
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कमलेश नागरकोटि
- फोटो : Amar Ujala
मेरी पढ़ाई और क्रिकेट दोनों आर्मी स्कूल से शुरू हुए जिसके बाद मेरे कोच सुरेन्द्र राठौड़ ने मुझे नोटिस किया। सुरेन्द्र सर संस्कार स्कूल चले गए जिसके बाद उन्होनें मुझे वहां एडमिशन लेने के लिए कहा। बस वहां पढ़ाई करते हुए स्कूल की एकेडमी में ही मैंने उनसे क्रिकेट की बारीकियां सीखी।
छोटी-सी उम्र में इस मुकाम को हासिल करने का श्रेय किसे देंगे
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अपने परिवार के साथ नागरकोटि
- फोटो : Amar Ujala
सबसे पहले मेरे परिवार को जहां मेरे बड़े भाई मम्मी पापा ने मेरा हर कदम पर साथ दिया और अंत में मेरे गुरू सुरेन्द्र सिंह राठौड़ सर का जिन्होनें मेरी प्रतिभा को पहचाना और उन्हीं की वजह से आज मैं इतने बड़े मंच पर देश के लिए खेलूंगा।