गोरखपुर में बीआरडी मेडिकल कॉलेज में ब्लैक फंगस से जूझ रहे दो मरीजों का बुधवार को पहली बार ऑपरेशन हुआ है। इसमें से एक मरीज का ऑपरेशन बड़ा, जबकि दूसरे मरीज का छोटे चीरे का ऑपरेशन हुआ। ऑपरेशन के बाद दोनों ही मरीजों में फंगस से संक्रमित अंग में एंफोटेरेसिन-बी इंजेक्शन लगाया गया। एक मरीज की हालत में तेजी से सुधार हो रहा है। जानकारी के मुताबिक, बीआरडी मेडिकल कॉलेज में शनिवार को भर्ती हुए 55 वर्षीय होम्योपैथिक चिकित्सक का ऑपरेशन हुआ। बीआरडी में भर्ती होने के दौरान चिकित्सक की नाक से लेकर आंख तक का हिस्सा संक्रमित हो गया था। मंगलवार को ब्लैक फंगस सेंसटिविटी कल्चर रिपोर्ट आई है। रिपोर्ट में ब्लैक फंगस की पुष्टि हुई। इसके बाद बुधवार को डॉक्टरों ने ऑपरेशन करने का फैसला लिया। बताया जा रहा है कि अगर ऑपरेशन नहीं किया जाता तो संक्रमण शरीर के अन्य हिस्सों में भी फैल जाता। वहीं, दूसरी ओर महिला का एक ऑपरेशन महराजगंज के निजी अस्पताल में हो चुका था। उसका ऑपरेशन आंशिक था। इसकी वजह से कॉलेज में दूसरी बार छोटा ऑपरेशन किया गया है।