छिपकली
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
उधर, लेखक अफजल शेख रजवी कहते हैं, 'हम 15 लोग नहीं बल्कि पांच लोग फिल्म देखने गए थे। लेकिन फिल्म के निर्माता और निर्देशक इस बात पर अड़े रहे कि सिर्फ दो लोगों को ही फिल्म दिखाएंगे। हमने फिल्म को थियेटर में दिखाने के लिए किसी भी तरह को कोई मांग नहीं की है, बल्कि हमने उनसे यह कहा कि फिल्म का स्क्रीनर मेल पर भेज दे, तो भी हम लोग फिल्म देख लेंगे। लेकिन फिल्म दिखाने के नाम पर किसी भी तरह की सहमति नहीं बनी।’