गगन देव रियार
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई
फिर?
दरअसल, मुझे इस किरदार के लिए जब मुकेश छाबड़ा ने बुलाया और कहा कि इस किरदार के सिर्फ तुम ही च्वाइस हो, अभी तक और किसी को नहीं बुलाया गया है तो मैं काफी दबाव महसूस करने लगा। इस वजह से मेरा पहला ऑडिशन सफल नहीं हुआ। मुकेश छाबड़ा ने कहा कि कुछ मजा नहीं आ रहा है, कुछ मजा लेकर आओ। मैंने थियेटर में तुम्हारी परफारमेंस देखी है, इतना कुछ तो करते हो। मैंने तीन -चार दिन का समय मांगा और तैयारी करके गया। उनके बाद उनको मेरा ऑडिशन पसंद आया। इस किरदार को निभाने के लिए सबसे बड़ा चैलेंज मेरे सामने यह रहा कि मुझे इस लुक को कहीं रिवील भी नहीं करना था। एक साल तक घर पर ही बैठा रहा। बहुत मुश्किल तो था कि कोई काम नहीं हो रहा, बोरियत महसूस हो रही है। लेकिन सबसे बड़ा मोटिवेशन तो यही था कि इतना बड़ा दमदार किरदार निभाने का मौका मिला।