फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Gagan Dev Riar Interview: ओम कटारे के तपाए कुंदन को मिला हंसल जैसा जौहरी, स्कैम 2003 के लिए बढ़ाया 30 किलो वजन

Fri, 08 Sep 2023 07:51 AM IST
साक्षी पांडेय अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
विज्ञापन
1 of 8
ओम कटारे और गगन देव - फोटो : सोशल मीडिया
25 साल तक खुद को रंगमंच पर तपाने के बाद अभिनेता गगन देव रियर को पहली बार हंसल मेहता की सीरीज 'स्कैम 2003: द तेलगी स्टोरी' में लीड भूमिका निभाने का मौका मिला है। गगन देव खुद को सौभाग्यशाली मानते है कि उन्हें पहली बार ही बार में इतना बड़ा मौका मिला। गगन देव को एक्टर बनाने का सपना उनके पिता देवेंद्र सिंह का था। ‘अमर उजाला’ से खास बातचीत के दौरान गगन देव ने बहुत भावुक होकर कहा कि इस बात का उन्हें जिंदगी भर मलाल रहेगा कि आज का यह दिन उनके पिता नहीं देख पाए। गगन ने मुंबई के प्रतिष्ठित थियेटर ग्रुप यात्री में नौ साल तक तमाम नाटक किए हैं और इस ग्रुप से निकलने वाले अभिनेताओं की सूची में उनका नाम सबसे ताजा है...
विज्ञापन

2 of 8
गगन देव रियार - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई

वेब सीरीज 'स्कैम 2003: द तेलगी स्टोरी' से आपकी बहुत अच्छी शुरुआत हो रही है, इस सीरीज से जुड़ने की यात्रा कैसी रही?
बहुत ही मजेदार और चुनौतीपूर्ण  यात्रा रही है। यह किरदार पूरी जिंदगी भर के लिए यादगार रहेगा। इस किरदार के लिए मेरे सामने सबसे बड़ी चुनौती वजन बढ़ाना और उसे  मेंटेन करना था। वजन बढ़ाने में मैंने पांच छह महीने लगाए, मुझे बहुत कुछ खाना पड़ा, हालांकि मैं खाने का शौकीन बिलकुल भी नहीं हूं। मुझे दिन भर में पांच बार कुछ न कुछ खाना पड़ता था। शूटिंग के दौरान वजन को मेंटेन करना बहुत चैलेंजिंग था। यह सीरीज मुझे  मई 2021 में ऑफर हुई थी और शूटिंग अप्रैल 2022 में शूटिंग शुरू हुई। इस दौरान अपना वजन 66 किलो से 96 तक बढ़ाया।

 

विज्ञापन

3 of 8
गगन देव रियार - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई

इस सीरीज के लिए हंसल मेहता ने आपकी तलाश कैसे की?
हंसल मेहता सर ऐसे इंसान है कि पूरी दुनिया की खबर रखते हैं। वह नई नई प्रतिभाओं को ढूंढते रहते हैं। प्रतीक गांधी को ढूंढकर निकाला। वह बहुत सारे प्रोग्राम देखते रहते हैं। उन्होंने मुझे अभिषेक चौबे की फिल्म 'सोनचिरैया' में देखा था। शायद उनको वहीं पर लगा होगा कि मैं तेलगी का किरदार निभा सकता हूं। उन्होंने कास्टिंग डायरेक्टर मुकेश छाबड़ा से मेरा ऑडिशन मंगवाया। मुकेश मुझे जानते हैं, उन्होंने पृथ्वी थियेटर पर आकर मेरे बहुत सारे नाटक देखे हैं। उनके लिए पहले भी ऑडिशन किए हुए हैं। लेकिन जब 'स्कैम 2003: द तेलगी स्टोरी' के लिए पहली बार ऑडिशन दिया था तो ऑडिशन ठीक नहीं हुआ।

4 of 8
गगन देव रियार - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई

फिर?
दरअसल, मुझे इस किरदार के लिए जब मुकेश छाबड़ा  ने बुलाया और  कहा कि इस किरदार के सिर्फ तुम ही  च्वाइस हो, अभी तक और किसी को नहीं बुलाया गया है तो मैं काफी दबाव महसूस करने लगा। इस वजह से मेरा पहला ऑडिशन  सफल नहीं हुआ। मुकेश छाबड़ा ने कहा कि कुछ मजा नहीं आ रहा है, कुछ मजा लेकर आओ। मैंने  थियेटर में तुम्हारी परफारमेंस देखी है, इतना कुछ तो करते हो। मैंने  तीन -चार दिन का समय मांगा और तैयारी करके गया। उनके बाद उनको मेरा ऑडिशन पसंद आया। इस किरदार को निभाने के लिए सबसे बड़ा चैलेंज मेरे सामने यह रहा कि मुझे इस लुक को कहीं रिवील भी नहीं करना था। एक साल तक घर पर ही बैठा रहा। बहुत मुश्किल तो था कि कोई काम नहीं हो रहा, बोरियत महसूस हो रही है। लेकिन  सबसे बड़ा मोटिवेशन तो यही था कि इतना बड़ा दमदार किरदार निभाने का मौका मिला।

विज्ञापन

5 of 8
गगन देव रियार - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई

तेलगी के किरदार के लिए आपकी अपनी क्या तैयारी थी?
मुझे इस किरदार के लिए कुछ अलग से तैयारी नहीं करनी पड़ी। हंसल मेहता ने  कहा था कि इस किरदार को दुनिया के नजर से मत देखना। अगर दुनिया की नजर से देखोगे तो जज करोगे, तुम्हें इसे अपने नजरिए से ईमानदारी से देखना पड़ेगा। इसलिए तुम्हें सिर्फ स्क्रिप्ट पर ही ध्यान देना है। मैंने इस किरदार को मॉडर्न रॉबिन हुड की तरह निभाया है कि मैं हीरो हूं और सिस्टम के खिलाफ लड़ रहा हूं। हंसल सर का बड़ा ही साधारण सा निर्देशन था कि तुम इस किरदार को विलेन मत समझना। किरदार की ईमानदारी को बरकरार रखना है, क्योंकि हर इंसान खुद की नजर में हीरो ही होता है।

 

विज्ञापन

6 of 8
गगन देव रियार - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई

आपकी रंगमंच की बहुत लंबी यात्रा रही है, कहां से शुरुआत हुई?
जब मैं 16 साल का हुआ तो डैडी ने मुझसे पूछा कि तुम्हें एक्टिंग करनी है?  डैडी भी एक्टर बनना चाह रहे थे लेकिन बन नहीं पाए। उन्होंने गर्मियों की छुट्टी में अशोक कुमार एक्टिंग एकेडमी में दाखिला दिला दिया। मैं वहां पर पहले नंबर पर आया। मुझे लगा कि मैंने  मैदान जीत लिया और एक्टर बन गया। जब कॉलेज में गया तो वहां थियेटर की एक प्रतिस्पर्धा हो रही थी। उस प्रतिस्पर्धा में पहली बार दर्शकों को देखकर घबरा गया था। वहां से बाहर निकला तो निर्मल पांडे के साथ 'अंधा युग'  नाटक किया। उसके बाद ओम कटारे का यात्री ग्रुप ज्वाइन किया और उनके साथ नौ साल तक नाटक करता रहा। साल 2009 में मुझे लगा कि और लोगों के साथ काम करना चाहिए क्योंकि एक आदमी के साथ ही काम करते रहेंगे तो आपको दुनिया छोटी लगने लगेगी। फिर मैंने और लोगों के साथ थियेटर करना शुरू किया।

विज्ञापन

7 of 8
स्कैम 2003 - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई

तो आपके डैडी को भी एक्टिंग का शौक रहा, उन्होंने फिर एक्टिंग के लिए कोशिश क्यों नहीं की?
डैडी को तो एक्टिंग का बहुत शौक था। वह 16 साल की ही उम्र में घर से भागकर मुंबई हीरो बनने आ गए थे। लेकिन दादा दादी में तिकड़म लगाकर वापस बुला लिया और शादी करवा दी। मम्मी राज कवरजीत कौर हाउस वाइफ थी, लेकिन घर चलाने के लिए उन्होंने भी काफी काम किए। साथ ही डैडी के बिजनेस में काफी सपोर्ट किया। डैडी ने बहुत सारे बिजनेस किए। लेकिन इतना कर दिया था कि हमें पाल पोस कर एक अच्छी शिक्षा दे सके। डैडी खुद एक्टर नहीं बन पाए, लेकिन अपना सपना मुझ में पूरा होते देखना चाह रहे थे। आज वह होते तो सबसे ज्यादा खुशी उनको होती। मेरा परिवार पंजाब से है ,लेकिन मेरा जन्म दिल्ली में हुआ है। परिवार के साथ मुंबई में पला बढ़ा। 1984 के दंगों में हमे वापस पंजाब जाना पड़ा। 1993 तक पंजाब में रहा। फिर पापा पूरी फैमिली के साथ मुंबई शिफ्ट हो गाए।

विज्ञापन

8 of 8
स्कैम 2003 - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई

अभिषेक चौबे की 'सोनचिरैया' के जिस रोल को देखकर आपको स्कैम 2003’ में काम मिला, उसकी भी सुना दिलचस्प कहानी है?
फिल्म ‘सोनचिरैया’ मुझे काम करने का मौका मुझे थियेटर की वजह से मिला। मैं पृथ्वी थियेटर में एक नाटक कर रहा था। वहां 'सोनचिरैया' के कास्टिंग डायरेक्टर हनी त्रेहान आए थे। उन्होंने नाटक देखा और अगले दिन अपने ऑफिस में मिलने के लिए बुलाया। उन्होंने पूछा कि कौन सा रोल करना चाहोगे, मैंने कहा जो आप दे दें। फिर उन्होंने कहा कि खलीफा का किरदार अच्छा रहेगा। नियति देखिए, इसी किरदार को देखकर हंसल मेहता ने मुकेश छाबड़ा को मेरा ऑडिशन लेने का सुझाव दिया था।

यह भी पढ़ें-  Actor Anurag Kashyap: क्या होता है जब कैमरे के सामने आते हैं अनुराग कश्यप, जानिए इन 5 फिल्मों के किरदारों से

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें