फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rajshri Debut Directors: राजश्री की चौखट से चमके ये आठ नए निर्देशक, ‘दोनों’ में इस हफ्ते अवनीश का इम्तिहान

Tue, 03 Oct 2023 02:27 PM IST
मोहम्मद फायक अंसारी अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
विज्ञापन
1 of 9
राजश्री प्रोडक्शन के साथ काम कर चुके निर्देशक - फोटो : अमर उजाला
76 साल के हो चले राजश्री प्रोडक्शंस के बैनर तले बनी फिल्म 'दोनों' के जरिए सूरज बड़जात्या के बेटे अवनीश बड़जात्या अपने निर्देशन करियर की शुरुआत करने जा रहे हैं। इस फिल्म से सनी देओल के बेटे राजवीर देओल और पूनम ढिल्लों की बेटी पलोमा भी हिंदी सिनेमा में डेब्यू कर रही हैं। राजश्री की स्थापना ताराचंद बड़जात्या ने साल 1947 में की। पिछले 76 वर्षों में राजश्री प्रोडक्शंस ने कई सुपरहिट हिट फिल्मों का निर्माण किया और इश दौरान कई कई निर्देशकों को भी अपनी पहली फिल्म बनाने का मौका भी दिया। एक नजर राजश्री की चौखट से चमके इन नवोदित निर्देशकों पर..
Pratik Gandhi: फिर जमेगी हंसल मेहता-प्रतीक गांधी की जोड़ी, अगली वेब सीरीज में यह किरदार निभाएंगे अभिनेता
विज्ञापन

2 of 9
अवनीश बड़जात्या - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

अवनीश बड़जात्या 

राजश्री परिवार के अवनीश बड़जात्या अपने पिता सूरज बड़जात्या के बाद दूसरे सदस्य हैं, जो निर्देशन में कदम रख रहे हैं। अवनीश बड़जात्या की बतौर निर्देशक पहली फिल्म 'दोनों' इस हफ्ते 5 अक्टूबर 2023 को रिलीज हो रही है। प्रेम कहानी पर आधरित यह फिल्म आज के परिवेश में गढ़ी है। जिसमे फिल्म के नायक और नायिका खुद और खुद के प्यार तलाश करते हैं। इस फिल्म की कहानी खुद अवनीश बड़जात्या ने ही लिखी है।

विज्ञापन

3 of 9
एस. मनस्वी - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

एस. मनस्वी 

पुणे एफटीआईआई से उत्तीर्ण होने के बाद एस मनस्वी ने 'लेफ्ट राइट लेफ्ट', 'छोटी बहू' जैसे कई धारावाहिकों के लिए संवाद लिखे। साल 2011 में एस. मनस्वी ने राजश्री प्रोडक्शन्स की फिल्म 'लव यू...मि. कलाकार' से फिल्म निर्देशक के रूप में अपनी शुरुआत की। इस फिल्म में तुषार कपूर, अमृता राव, राम कपूर, मधु, किरण कुमार, जय कालरा की मुख्य भूमिकाएं थी। यह फिल्म कुछ खास सफल नहीं रही और एस. मनस्वी दोबारा छोटे पर्दे के शो के डायलॉग लिखने में व्यस्त हो गए।

4 of 9
कौशिक घटक - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

कौशिक घटक 

निर्देशक कौशिक घटक ने अपने करियर की शुरुआत अनुराग बसु के साथ सहायक निर्देशक के तौर पर की। बतौर निर्देशक उन्होंने राजश्री प्रोडक्शन्स की फिल्म 'एक विवाह ऐसा भी' से साल 2008 हिंदी सिनेमा में डेब्यू किया। लेकिन यह फिल्म कुछ सफल नहीं रही। इस फिल्म के बाद उन्हें राजश्री प्रोडक्शन्स की दूसरी फिल्म 'सम्राट एंड कंपनी भी मिली लेकिन यह फिल्म भी सफल नहीं रही। इसके बाद कौशिक घटक छोटे परदे पर वापस लौट आए। वह स्टार प्लस के शो 'क्योंकि सास भी कभी बहू थी' जैसे कई धारावाहिकों का निर्देशन कर चुके हैं।

विज्ञापन

5 of 9
सूरज बड़जात्या - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

सूरज बड़जात्या 

राजश्री प्रोडक्शन्स के ही बैनर तले बनी फिल्म 'सारांश' में महेश भट्ट के साथ सहायक निर्देशक के तौर पर काम कर चुके सूरज बड़जात्या ने फिल्म 'मैंने प्यार किया के जरिए अपने निर्देशन करियर की शुरुआत साल 1989 में की। पहली फिल्म ही सूरज बड़जात्या की जबरदस्त हिट रही। इसके बाद उन्होंने 'हम आपके हैं कौन',  'हम साथ साथ साथ हैं',  'मैं प्रेम की दिवानी', 'विवाह', 'प्रेम रतन धन पायो और 'ऊंचाई' जैसी फिल्मों का निर्देशन किया।

विज्ञापन

6 of 9
गोविंद मूनिस - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

गोविंद मूनिस

निर्देशक गोविंद मूनिस को राजश्री प्रोडक्शन्स की सबसे बड़ी हिट फिल्म 'नदिया के पार' के लिए जाना जाता है। इस फिल्म से पहले गोविंद मूनिस ने सत्येन बोस के सहायक निर्देशक के तौर पर राजश्री प्रोडक्शन्स की ही फिल्म ‘दोस्ती’ जैसी कई फिल्मों में काम किया। 'दोस्ती' के डायलॉग भी गोविंद मूनिस ने ही लिखे थे। राजश्री प्रोडक्शन्स की फिल्म 'नदिया के पार' के बाद गोविंद ने राजश्री प्रोडक्शन की फिल्म 'बाबुल' का निर्देशन किया लेकिन यह फिल्म उतनी सफल नहीं। गोविंद मूनिस ने बाद में कुछ भोजपुरी फिल्मों का निर्देशन भी किया। साल 1982 में प्रदर्शित फिल्म “नदिया के पार” की रीमेक ‘हम आपके हैं कौन’ भी सुपरहिट हुई थी।

विज्ञापन

7 of 9
प्रशांत नंदा - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

प्रशांत नंदा 

हिंदी सिनेमा में निर्देशक के तौर पर करियर शुरुआत करने से पहले प्रशांत नंदा ने उड़िया फिल्म ‘ममता' का डायरेक्शन किया था, जो 1975 में रिलीज हुई थी। लेकिन उनकी कम उम्र के कारण निर्माता ने उनके नाम का खुलासा न करने का सुझाव दिया इसलिए उन्होंने क्रेडिट में दिग्गज अभिनेता ब्योमकेश त्रिपाठी का नाम दिया है। हिंदी सिनेमा में सबसे पहला मौका उन्हें ताराचंद बड़जात्या ने फिल्म 'पहेली' में दिया। साल 1977 में रिलीज हुई इस फिल्म में अरुण गोविल, नमिता चंद्रा और दुर्गा खोटे की मुख्य भूमिकाएं थी। इस फिल्म के बाद प्रशांत ने राजश्री प्रोडक्शन्स की ही फिल्म 'नैया' का निर्देशन किया जिसमें उन्होंने अभिनय भी किया था। प्रशांत नंदा कई उड़िया फिल्मों का निर्देशन कर चुके हैं। 

8 of 9
हिरेन नाग - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

हिरेन नाग 

हितेन नाग ने राजश्री प्रोडक्शन्स की फिल्म 'हनीमून' के जरिए अपने निर्देशन करियर की शुरुआत की। साल 1973 में रिलीज इस फिल्म में लीला चंदावरकर  और अनिल धवन की लीड भूमिकाएं थीं। इस फिल्म के बाद हिरेन नाग ने राजश्री प्रोडक्शन की ही 'गीत गाता चल', ‘अंखियों के झरोखों से', 'सुनयना' और 'अबोध' जैसी कई फिल्मों का निर्देशन किया। साल 1984 में रिलीज फिल्म 'अबोध' से ही माधुरी दीक्षित ने अपना करियर शुरू किया। राजश्री प्रोडक्शन्स से इतर हिरेन नाग 'आखिरी मुजरा', 'मान अभिमान' और 'साजन मेरे मैं साजन की' जैसी कई फिल्मों का निर्देशक कर चुके हैं।

विज्ञापन

9 of 9
सुधेंदु रॉय - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

सुधेंदु रॉय

निर्देशक के तौर पर अपने करियर की शुरुआत करने से पहले सुधेंदु रॉय कला निर्देशक और प्रोडक्शन डिजाइनर के तौर पर काम करते थे। उन्होंने  बिमल रॉय की 'सुजाता', 'मधुमती', और 'बंदिनी' जैसी फिल्मों में  कला निर्देशन का काम किया। सुधेंदु रॉय ने बतौर  निर्देशक अपने करियर की शुरुआत साल 1971 में राजश्री प्रोडक्शन्स की फिल्म 'उपहार' से की। इसके बाद उन्होंने राजश्री प्रोडक्शन्स की फिल्म 'सौदागर' का निर्देशन किया, जिसमे अमिताभ बच्चन और नूतन की लीड भूमिकाएं थी।
Abhishek Bachchan: अभिषेक बच्चन ने की करीना कपूर की फिल्म 'जाने जां' की तारीफ, निर्देशक के साथ किया मजाक

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें