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National Youth Day 2021: इन हस्तियों ने युवावस्था में ली थी प्रेरणा और गाड़ दिए सफलता के झंडे

Tue, 12 Jan 2021 06:59 PM IST
Devesh Devesh एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
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National Youth Day : इन हस्तियों ने युवावस्था में ऐसे ली थी प्रेरणा और गाड़ दिए सफलता के झंडे - फोटो : अमर उजाला
उठो जागो और तब तक मत रुको, जब तक लक्ष्य प्राप्त न हो जाए। ये पंक्तियां भारतवर्ष के उस महान संत के जीवन की परिचायक हैं, जिनके ओजस्वी वचनों से गूंज उठा था विश्व गगन, वही प्रेरणा पुंज हमारे स्वामी विवेकानंद। प्रतिवर्ष हम 12 जनवरी यानी स्वामी विवेकानंद की जयंती को राष्ट्रीय युवा दिवस के तौर पर मनाते हैं, ताकि युवा उस महान दार्शनिक हुतात्मा के जीवन से प्ररेणा ले सकें। युवा दिवस 2021 के अवसर पर आज हम आपको कुछ ऐसे कामयाब लोगों के बारे में बताने जा रहे हैं, जो अपनी युवावस्था में ऐसे ही उच्च विचारों से प्रेरणा लेकर उठे, जागे और लक्ष्य प्राप्ति तक नहीं रुके और विश्व गगन में सफलता के झंडे गाड़ दिए ... 
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National Youth Day : एलन मस्क - फोटो : ट्विटर
एलन मस्क, दुनिया के सबसे अमीर व्यक्ति : 
एलन रीव मस्क आज 49 वर्ष की उम्र में दुनिया के सबसे दौलतमंद व्यक्ति बन चुके हैं। एलन मस्क का जन्म 28 जून, 1971 को, दक्षिण अफ्रीका के प्रिटोरिया, ट्रांसवाल में हुआ था। उनके पिता जाम्बिया में एक पन्ना खदान के मालिक थे। 10 की उम्र में, उन्होंने खुद कंप्यूटर प्रोग्रामिंग सीखी और 12 साल की उम्र तक उन्होंने एक बेसिक-आधारित वीडियो गेम का कोड करीब 500 डॉलर में बेच दिया था। अपनी किशोरावस्था के दौरान उन्होंने बॉयलर की सफाई का काम भी किया। उस समय उन्हें प्रति घंटे काम के करीब 18 डॉलर मिलते थे और आज वह तकरीबन 140 करोड़ रुपए प्रति घंटे कमाते हैं। 
आज एलन मस्क एक दक्षिण अफ्रीकी-कनाडाई-अमेरिकी दिग्गज व्यापारी, निवेशक, इंजीनियर, और आविष्कारक हैं। मस्क अमेरिका की निजी अंतरिक्ष कंपनी स्पेसएक्स के संस्थापक, सीईओ और मुख्य डिजाइनर हैं। वह  टेस्ला कंपनी के सह-संस्थापक और सीईओ भी हैं। इतना ही नहीं वे ओपनएआई के सह-अध्यक्ष; न्यूरालिंक के संस्थापक सीईओ, द बोरिंग कंपनी के संस्थापक और सोलरसिटी के सह-संस्थापक भी हैं। मस्क ने एक उच्च गति परिवहन प्रणाली की कल्पना की जिसे हाइपरलूप प्रणाली के रूप में जाना जाता है और उन्होंने सुपरसोनिक जेट विमानों का ऊर्ध्वाधर उड़ान भरने और उतरने की प्रक्रिया को प्रस्तावित किया है, जिसे मस्क इलेक्ट्रिक जेट के रूप में जाना जाता है। 
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National Youth Day : माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक बिल गेट्स
बिल गेट्स माइक्रोसॉफ्ट के सह संस्थापक : 
बिल गेट्स ने अपने एक साथी के साथ मिलकर माइक्रोसॉफ्ट की स्थापना की थी, जो आज दुनिया की सबसे बड़ी साफ्टवेयर कंपनी है। बिल गेट्स का जन्म अमेरिका में हुआ था। उनका नाम सबसे युवा अरबपति बनने का रिकॉर्ड दर्ज है। वे सिर्फ 31 साल की उम्र में ही अरबपति बन गए थे। 15 वर्ष की उम्र में पहला सॉफ्टवेयर बनाया। वे कहते हैं कि मैं हमेशा किसी कठिन काम को करने के लिए, किसी आलसी इंसान को चुनना पसंद करुंगा, क्योंकि वह आलसी इंसान उस कठिन काम को पूरा करने के लिए कोई आसान तरीका ढूंढ निकालेगा। 
सफलता के मंत्र : 
  • आप अपनी तुलना किसी और से कभी मत कीजिए। यदि आप ऐसा करते हैं, तो आप खुद की बेइज्जती करते हैं।
  • आप में चाहे कितनी भी योग्यता क्यों न हो, एकाग्रचित्त होकर ही आप महान कार्य कर सकते हैं। 
  • असंतुष्ट होने से आप, सीखने की तरफ अग्रसर होते हैं।
  • सफलता मिलने के बाद खुशियां मनाना अच्छी बात है, लेकिन विफलताओं और गलतियों से सीखना उससे भी ज्यादा महत्वपूर्ण है।
  • असली नेतृत्व क्षमता उसी व्यक्ति के अंदर हैं, जो दूसरों को सशक्त बनाते हैं।
  • सफलता एक घटिया शिक्षक है, यह लोगों में ऐसी सोच विकसित कर देती है कि वह कभी विफल नहीं हो सकते।

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National Youth Day : जैक मा बने एशिया के सबसे रईस इंसान - फोटो : getty
चीन के सबसे अमीर व्यक्ति जैक मा : 
जैक मा चीन की ई-कॉमर्स कंपनी अलीबाबा के संस्थापक और चीन के सबसे धनी व्यक्तियों में से एक हैं। जैक मा का जन्म चीन के होंगझोऊ में 10 सितंबर, 1964 को हुआ था। जैक मां बचपन से ही पढ़ाई में बहुत कमजोर थे और कई परिक्षा में वे लगातार फेल होते रहें। जैक मा प्राइमरी स्कूल, मिडिल स्कूल और कॉलेज की परीक्षा में कई बार फेल हुए। हार्वर्ड यूनिवर्सिटी से भी 10 बार रिजेक्ट हुए। गणित के पेपर में एक बार उन्हें 120 में से केवल 1 अंक मिला। जैक मा को 30 नौकरियों से हटाया जा चुका था। जैक मा के पास न कोई मैनेजमेंट की डिग्री थी और न ही कोई बिजनेस बैकग्राउंड, फिर भी वह दुनिया के रईस और कामयाब शख्सियतों में शामिल हुए। 
सफलता के मंत्र : 
  • हमारे पास कभी भी पैसों की कमी नहीं होती। हमारे पास कमी होती है तो सपने देखने वाले लोगों की।
  • अपने बुरे दिनों में आपको बहुत अधिक फोकस होना होता है और अपने दिमाग पर भरोसा करना होता है न कि अपनी ताकत पर।
  • अगर आप हार नहीं मानते है तो आपके पास एक और मौका होता है। हार मान लेना सबसे बड़ी विफलता है।
  • यदि तुमने कभी कोई कोशिश ही नहीं की तो तुमको कैसे पता चलेगा कि कोई मौका है।
  • कभी भी कीमत पर कॉम्पिटिशन मत करो, बल्कि सर्विस और इनोवेशन पर कॉम्पिटिशन करो। 
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National Youth Day : अमेजन सीईओ जेफ बेजोस - फोटो : PTI
अमेजन के सीईओ जेफ बेजोस : 
अमेजन के सीईओ और दुनिया के सबसे अमीर शख्स रहे जेफ बेजोस कभी बहुत ही गरीब थे। बेजोस ने 1994 में, न्यूयॉर्क से लेकर सिएटल तक का भ्रमण करने के बाद, अमेजन डॉट कॉम की स्थापना की। अमेजन की व्यापार योजना वे भ्रमण के दौरान रास्ते में लिखते थे। इस कंपनी का प्रारंभ उन्होंने अपने गैरेज से किया। अमेजन के साथ अपने कार्य के दम पर वे अरबपति बन गए। 2004 में, उन्होंने ब्लू ओरिजिन नामक एक स्पेस फ्लाईट नामक एक स्टार्टअप कंपनी की स्थापना की। जेफ बेजोस जब 17 महीने के थे, तभी उनकी मां का तलाक हो गया। कहते हैं कि बचपन में ही उन्होंने पेचकस से अपना पालना खोलने का प्रयास किया। बेजोस ने प्रारंभिक पढ़ाई ह्यूस्टन में की। उन्होंने पिता के गैरेज को अपनी विज्ञान परियोजनाओं के लिए एक प्रयोगशाला में बदल दिया। बाद में, बेजोस ने मियामी पालमेंटो फ्लोरिडा विश्वविध्यालय में छात्र विज्ञान प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लिया। इसके लिए उन्हें 1982 में सिल्वर नाईट पुरस्कार से नवाजा गया। जेफ बेजोस ने कई छोटी-बड़ी नौकरियां की। प्रिंसटन विश्वविद्यालय से 1986 में स्नातक होने के बाद, बेजोस ने वाल स्ट्रीट में कंप्यूटर विज्ञान के क्षेत्र में और फिटेल नामक कंपनी के लिए अंतरराष्ट्रीय व्यापार नेटवर्क बनाने का कार्य किया। इसके बाद बेजोस ने बैंकर्स ट्रस्ट के लिए बतौर उपाध्यक्ष काम किया। जेफ बेजोस के अनुसार, एक नया विचार रिस्क हैं, लेकिन सिर्फ आरंभ में, उसके बाद, वे नतीजे देते हैं। 
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National Youth Day : Warren Buffett
वारेन बफे ने 11 की उम्र में खरीदा था पहला शेयर :
वारेन बफे दुनिया के सबसे बड़े निवेशकों में से एक हैं। वारेन बफे का शेयर बाजार से कम उम्र में ही सामना हो गया। उन्होंने 11 की उम्र में पहला शेयर खरीदा था। दुनिया के सबसे अमीर व्यक्ति रहे वारेन बफे के पास न तो आईफोन है और न ही स्मार्टफोन है। वारेन बफे आज भी तीन बेडरूम वाले पुराने घर में रहते हैं। बफे ने हार्वर्ड बिजनेस स्कूल में प्रवेश के लिए आवेदन किया, लेकिन ठुकरा दिया गया था। 
सफलता के मंत्र : 
  • क्रेडिट कार्ड से दूर रहें और अपने आप में निवेश करें।
  • कोई आज पेड़ की छाया में बैठा है, क्योंकि किसी ने काफी समय पहले उस पेड़ को लगाया था।
  • खर्च करने के बाद जो बचे उसे सेव (सेविंग) न करें, उसे खर्च करें जो सेव (सेविंग) करने के बाद बचे।
  • रिस्क तब होती है जब आपको पता नहीं होता कि आप क्या कर रहे हैं।
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National Youth Day : राष्ट्रीय युवा दिवस स्वामी विवेकानंद की जयंती - फोटो : अमर उजाला
स्वामी विवेकानंद जब युवा थे...
128 साल पहले 1893 में अमेरिका के शिकागो में हुए विश्व धर्म सम्मेलन में स्वामी विवेकानंद का भाषण अविस्मरणीय है। उनके इस भाषण की चर्चा आज भी होती है। कोलकाता में एक कुलीन परिवार में स्वामी विवेकानंद का जन्म हुआ था। उनके बचपन का नाम नरेंद्र नाथ दत्त था। स्वामी विवेकानंद ने 25 उम्र की अवस्था में घर का त्याग कर दिया था और संन्यास धारण कर लिया था। स्वामी विवेकानंद विश्व प्रसिद्ध दार्शनिक, आध्यात्मिक गुरु और एक प्रखर वक्ता थे।
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स्वामी विवेकानंद की युवाओं को सीख : 
  • दिल और दिमाग के टकराव में दिल की सुनो।
  • एक समय में एक काम करो, ऐसा करते समय अपनी पूरी आत्मा उसमें डाल दो और बाकी सब कुछ भूल जाओ।
  • किसी दिन, जब आपके सामने कोई समस्या न आए, आप सुनिश्चित हो सकते हैं कि आप गलत मार्ग पर चल रहे हैं।
  • उठो, जागो और तब तक नहीं रुको जब तक लक्ष्य हासिल न हो जाए।
  • खुद को कमजोर समझना सबसे बड़ा पाप है।
  • सबसे बड़ा धर्म है अपने स्वभाव के प्रति सच्चे होना। खुद पर विश्वास करो।
  • जो आग हमें गर्मी देती है, हमें नष्ट भी कर सकती है। यह अग्नि का दोष नहीं है।
  • मस्तिष्क की शक्तियां सूर्य की किरणों के समान हैं। जब वे केंद्रित होती हैं, चमक उठती हैं।
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