कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई छात्र नेता बनना चाहता था लेकिन चंडीगढ़ के डीएवी कॉलेज छात्र संघ चुनाव में हुई हार ने उसे अपराधी बना दिया। आज उसकी गिनती देश के बड़े गैंगस्टरों में होती है। गैंगस्टरों से गठजोड़ करने के बाद अपनी ताकत बढ़ा चुका लॉरेंस अब अंतरराष्ट्रीय डॉन बनने की हसरत अपने दिल में पाले बैठा है। तिहाड़ जेल में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल लॉरेंस बिश्नोई से पूछताछ कर रही है। उसने दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के गैंगस्टरों का एक सिंडिकेट तैयार कर लिया है और जेल से ही पूरे नेटवर्क को चला रहा है। उसके पास करीब 700 शूटर हैं, जो उसके एक इशारे पर उगाही करने, सुपारी लेकर हत्या करने और विरोधी गैंग के सदस्यों को ठिकाने लगा रहे हैं।