गरीब घरों की औरतें अपना घर चलाने के लिए शहरों में काम करने जाती हैं। लेकिन जब पैसे के लिए उनका सौदा किया जाए तो उन पर न जाने क्या-क्या बीतती है। ऐसा ही एक मामला मध्य प्रदेश के जबलपुर की रहने वाली महिला का है जिसे राजस्थान में बेच दिया गया। होटल का मैनेजर कोटा के एक मानव तस्करी करने वाले के साथ मिलकर गलत धंधा कर रहा था।
ये महिला जबलपुर के एक छोटे से होटल बासू में नौकरी करती थी जहां उसको 200 प्रतिदिन के हिसाब से मिलता था। उसका एक बेटा है। पीड़िता के मुताबिक एक महिला को तस्करों ने सांवले रंग की वजह से जाने दिया।
ज्यादा पैसे का दिया लालच
पीड़िता ने बताया कि होटल का मैनेजर अनिल बर्मन ने उससे कहा कि कब तक 200 रुपये में काम करती रहेगी, मेरे साथा कोटा चलो वहां काम के अच्छा पैसा दिलवाऊंगा। ज्यादा पैसे कमाने का लालच देकर अनिल उसे 26 तारीख कोटा ले गया। अनिल ने उसकी मुलाकात अपनी पत्नी ज्योति से भी कराई, जिसकी मदद से शालिनी को कोटा ले जाया गया।
एक को सांवले रंग ने बचा लिया
पुलिस के मुताबिक, आरोपी तीन महिलाओं को कोटा लेकर गए थे। एक महिला को 2.80 लाख रुपये और दूसरी महिला को 70 हजार रुपये में बेच दिया, लेकिन एक 23 वर्षीय विवाहित युवती शालिनी को उसके सांवले रंग ने बिकने से बचा लिया। पुलिस ने दुष्कर्म और मानव तस्करी जैसी विभिन्न धाराओं केस दर्ज कर लिया है।
पति को शादी के तीन साल बाद ही छोड़ा
जानकारी के मुताबिक, पीड़ित महिला रीवा निवासी है। उसकी उम्र 31 साल है और उसका एक बेटा भी है। वह जबलपुर शहर के भूकंप कॉलोनी में एक छोटे से होटल में रोटी बनाने का काम करती थी। होटल में उसे मजदूरी के तौर पर 200 रुपये मिलते थे। महिला की शादी लगभग 15 साल पहले हुई थी, उसका पति उसके साथ मारपीट करता था। इस कारण शादी के तीन साल के बाद ही पीड़िता ने पति को छोड़ दिया था।