छतरपुर जिले के चंदला थाना क्षेत्र के बीहर पुरवा में 19 वर्षीय युवती की फांसी लगाकर आत्महत्या करने के मामले में परिजनों और एक संगठन ने नगर के रेस्ट हाउस तिराहे पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया। उनका आरोप था कि पुलिस सही कार्रवाई नहीं कर रही है। राज्यपाल के नाम 7 सूत्री मांगों का ज्ञापन सौंपा गया है।
जानकारी के अनुसार चंदला थाना क्षेत्र के बीहरपुरवा पुरवा गांव में 8 जनवरी को 19 वर्षीय अहिरवार परिवार की युवती ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी, और इस मामले में चंदला थाना पुलिस के द्वारा जांच उपरांत सरवई थाना क्षेत्र के कनौजियन पुरवा के निवासी 19 वर्षीय नीरज पटेल को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध धारा 306 आईपीसी एवं SC-ST की धाराओं के तहत मामला पंजीबद्ध किया था।
मामले में परिजनों का आरोप है कि मृतिका के साथ नीरज पटेल नाम ने दुष्कर्म किया था और इस कार्य में उसके फूफा बीहर पुरवा निवासी छोटेलाल पटेल ने उसका सहयोग किया था। पुलिस के द्वारा ना ही छोटेलाल पटेल को आरोपी बनाया गया है और ना ही आरोपी नीरज के विरुद्ध दुष्कर्म की धारा के तहत मामला पंजीबद्ध किया गया है और इसी के चलते मृतिका के परिजनों के द्वारा स्ट्रगल ऑफ न्यू जनरेशन ऑर्गेनाइजेशन के बैनर तले चंदला रेस्ट हाउस तिराहे पर मंगलवार दोपहर जाम लगा दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई।
4 घंटे लगा रहा जाम
लगभग 3 से 4 घंटे तक जाम लगा रहा। सूचना के बाद मौके पर चंदला थाना पुलिस सहित आसपास के थानों का पुलिस बल पहुंचा। एसडीओपी लवकुशनगर पीएल प्रजापति भी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समझाइश देने का प्रयास करते रहे, लेकिन प्रदर्शनकारी अपनी मांगों पर अड़े रहे। परिजनों का कहना था कि जब तक छतरपुर एसपी या कलेक्टर नहीं पहुंचते, तब तक वह जाम नहीं खोलेंगे। कई घंटों तक जाम लगने के कारण राहगीर परेशान होते रहे। इसके बाद लवकुश नगर एसडीएम राकेश परमार मौके पर पहुंचे और एसडीएम और एसडीओपी की समझाइश और आश्वासन के बाद प्रदर्शनकारी माने और जाम खुल सका।
परिवार को दस लाख रुपये देने की मांग
संगठन एसएनजीओ के बैनर तले सौंपे गए ज्ञापन में 7 सूत्री मांगें रखी गई हैं, जिसमें आरोपी नीरज पटेल के खिलाफ धारा 376 के तहत मामला दर्ज करने के अलावा दुष्कर्म में उसका साथ देने वाले छोटेलाल पटेल को गिरफ्तार करने की मांग की गई है। साथ ही पीड़ित परिवार को प्रधानमंत्री आवास के तहत लाभ दिलाए जाने एवं परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण परिवार को दस लाख रुपये दिलाए जाने व एक सदस्य को सरकारी नौकरी दिलाए जाने की भी मांग भी ज्ञापन में रखी गई है।
थाना प्रभारी पर भी आरोप
ज्ञापन में चंदला थाना के थाना प्रभारी पर भी आरोप लगाते हुए लेख किया गया है कि उनके द्वारा सही धाराओं पर मुकदमा क़ायम नहीं किया गया। ऐसे में उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाए। इसके अलावा ज्ञापन में परिवार के लोगों को आरोपियों द्वारा धमकी दिए जाने की बात को लेकर कहा गया है कि परिवार को एक शस्त्र लाइसेंस या पुलिस सुरक्षा मुहैया कराई जाए। इस मामले की जांच अनुसूचित जाति जनजाति थाने की महिला डीएसपी के द्वारा कराई जाने की मांग की गई है।
लवकुशनगर एसडीएम राकेश परमार ने बताया कि ज्ञापन देने के लिए ग्रामीण आए थे। उनकी कुछ मांगें थीं। आरोपियों पर तत्काल कार्रवाई की गई। मामले में एक आरोपी गिरफ्तार हो चुका है। विवेचना जारी है। शासन प्रशासन से जो भी इनके बिंदु हैं, महामहिम राज्यपाल को प्रेषित किए जाएंगे। वरिष्ठ अधिकारियों को भी बिंदुओं से अवगत कराया जाएगा।