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बिगड़े बोल: साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने किया शहीद हेमंत करकरे को देशभक्त मानने से इनकार, बताई यह वजह

Fri, 25 Jun 2021 09:44 PM IST
सुरेंद्र जोशी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

साध्वी से सांसद बनीं प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने एक बार फिर विवादित बातें कही हैं। एक बार फिर उन्होंने दोहराया है कि वे मुंबई हमले के वक्त शहीद हुए हेमंत करकरे को वह देशभक्त नहीं मानती हैं।
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प्रज्ञा सिंह ठाकुर (फाइल फोटो) - फोटो : Facebook
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विस्तार
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साध्वी से सांसद बनीं प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने एक बार फिर विवादित बातें कही हैं। एक बार फिर उन्होंने दोहराया है कि वे मुंबई हमले के वक्त शहीद हुए हेमंत करकरे को वह देशभक्त नहीं मानती हैं। भोपाल के समीप सीहोर में आपातकाल की बरसी पर हुए कार्यक्रम में उन्होंने यह बातें कहीं।

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मीसाबंदियों को संबोधित करते हुए सांसद प्रज्ञा भारती ने कहा कि एक इमरजेंसी 1975 में लगी थी और एक इमरजेंसी जैसी स्थिति बनी थी 2008 में जब मालेगांव ब्लास्ट में साध्वी प्रज्ञा ठाकुर को जेल में बंद किया गया था। 

उन्होंने कहा कि करकरे को लोग देशभक्त कहते हैं, लेकिन जो वास्तव में देशभक्त हैं वह उनको देशभक्त नहीं कहते। करकरे ने मेरे आचार्य, जिन्होंने मुझे कक्षा आठवीं में पढ़ाया, उनकी उंगलियां तोड़ दी थीं। बता दें कि यह पहली बार नहीं है जब साध्वी प्रज्ञा ने हेमंत करकरे को लेकर बयान दिया है। इससे पहले लोकसभा चुनाव-2019 के दौरान भी साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने करकरे को लेकर बयान दिए थे।
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कांग्रेस ने प्रज्ञा पर बोला हमला
इधर, साध्वी के उक्त बयान के बाद कांग्रेस ने उन पर पलटवार किया है। पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव ने अपने ट्विटर हैंडल पर लिखा, 'जिस प्रज्ञा सिंह ने अपने कर्म और आचरण से भगवा वस्त्र, वास्तविक हिंदुत्व और राष्ट्रधर्म को कलंकित किया है, उन्होंने आज उन्हें शिक्षित करने वाले दिवंगत आचार्य के चेहरे पर भी कालिख पोत दी। 

बता दें, हेमंत करकरे मुंबई में हुए 26/11 आतंकी हमले में आतंकवादियों की गोलियों का शिकार हुए थे। 2009 में करकरे को भारत सरकार ने मरणोपरांत अशोक चक्र से सम्मानित किया था। जिस केस में साध्वी प्रज्ञा आरोपी थीं, उस मालेगांव सीरियल ब्लास्ट की जांच उनके ही पास थी। हालांकि, उनकी चार्जशीट पर कई तरह के सवाल खड़े हुए थे।

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