देवास में अस्पताल को सील करते निगम इंजीनियर।
- फोटो : सोशल मीडिया
भोपाल के हमीदिया अस्पताल में हुई आगजनी की घटना के बाद भी कुछ अस्पताल लापरवाही बरत रहे हैं। नियम है कि अस्पतालों को नगर निगम से फायर एनओसी लेना है लेकिन देवास के कुछ अस्पतालों में इसका पालन नहीं किया। इस पर कार्रवाई करते हुए नगर निगम ने शहर के दो अस्पतालों को सील कर दिया।
जानकारी के मुताबिक भोपाल की घटना के बाद शासन प्रशासन हरकत में आया और अस्पतालों में फायर सेफ्टी को लेकर निर्देश जारी किए। इसकी लगातार मॉनिटरिंग भी की जा रही है और देखा जा रहा है कि अस्पतालों में निर्देशों का पालन हो रहा है या नहीं। इस क्रम में नगर निगम देवास ने भी अस्पतालों के कागजातों को देखा और परखा कि वहां सुरक्षा के उचित इंतजाम है अथवा नहीं। इसमें शहर के अपेक्स अस्पताल व रोशनी अस्पताल की लापरवाही सामने आई। इन दोनों अस्पतालों के पास नगर निगम की फायर एनओसी नहीं थी। इस पर नगर निगम आयुक्त विशाल सिंह चौहान के निर्देश पर निगम इंजीनियरों की टीम दोनों अस्पतालों में पहुंची। प्रबंधन से बात कर वस्तुस्थिति जानी। मौके पर पाया गया कि बिना फायर एनओसी के शपथ पत्र के ही दोनों अस्पताल संचालित हो रहे थे। पूर्व में सभी अस्पताल संचालकों को इस बारे में निर्देश भी दिए गए थे। निगम की टीम ने अपेक्स अस्पताल और रोशनी अस्पताल को सील कर दिया। आयुक्त चौहान ने सभी अस्पतालों एवं बड़े पब्लिक प्लेस मॉल प्रतिष्ठानों से कहा है कि फायर एनओसी की स्वीकृति लेकर शपथ प्रस्तुत करें।