शासन ने ओमिक्रॉन को लेकर सभी जिलों को सतर्क किया है। मुख्य सचिव राजेंद्र कुमार तिवारी ने कहा है कि यह संक्रमण कई देशों के साथ भारत में भी आ गया है, इसलिए सावधान रहना होगा। अंतर्राष्ट्रीय उड़ानों के लिए निर्धारित प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन हो। वैक्सीनेशन का लक्ष्य सभी जिलों में जल्द पूरा किया जाए। वैक्सीनेशन ही लोगों की जान बचायेगा। यही नहीं उन्होंने सभी अस्पतालों में व्यवस्थाएं दुरुस्त कराने और जिलाधिकारियों से स्वयं निरीक्षण करने को कहा है।
मुख्य सचिव वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए मंडलायुक्तों व जिलाधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि मॉकड्रिल के जरिए अस्पतालों में पीकू बेड्स की उपलब्धता, उपकरणों, वेंटीलेटर्स, ऑक्सीजन प्लांट्स की क्रियाशीलता, स्टाफ व दवाओं की उपलब्धता का सत्यापन किया जाए। इसके साथ ही कोरोना प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन कराने और सोशल डिस्टेंसिंग व मास्क के लिए लोगों को जागरूक करने के लिए भी कहा गया। उन्होंने पब्लिक एड्रेस सिस्टम को दुरुस्त करने व इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम को एक्टिवेट करने के भी निर्देश दिए हैं। साथ ही कोरोना से मृतक के आश्रितों को अनुग्रह सहायता का भुगतान तत्परता से कराने को भी कहा गया।
561 में 551 ऑक्सीजन प्लांट क्रियाशील, दो शिक्षित स्टाफ जरूरी
मुख्य सचिव ने कहा है कि अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट्स को एक बार चेक करा लिया जाए। प्लांट में दो शिक्षित तकनीकी स्टाफ की तैनाती जरूर हो। बैठक में बताया गया कि कुल 561 में 551 ऑक्सीजन प्लांट क्रियाशील हो गए हैं। बाकी 10 प्लांट 31 दिसंबर से पहले क्रियाशील हो जायेंगे।
गुड गवर्नेंस वीक 25 दिसंबर तक
समीक्षा बैठक में बताया गया कि पूरे प्रदेश में 20 से 25 दिसंबर तक गुड गवर्नेंस वीक मनाया जा रहा है। इस दौरान जन शिकायतों का निस्तारण कराने के लिए अभियान चलाया जाए। जन सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार लाया जाए। साथ ही गुड गवर्नेंस वीक में हुए कार्यों की रिपोर्ट मुख्यालय में सामान्य प्रशासन विभाग को भेजी जाए।
ठंड से न हो गोवंश की मृत्यु, सौ करोड़ की राशि इसी माह जारी होगी
मुख्य सचिव ने कहा है कि ठंड से किसी गोवंश की मृत्यु न हो। आश्रय केंद्रों में पर्याप्त शेड, भूसा, चारा, पानी व इलाज के इंतजाम हों। जिलाधिकारी साप्ताहिक निरीक्षण कराएं। निराश्रित गोवंश सड़कों पर न दिखें। डीपीआरओ व बीडीओ अभियान चलाकर छुट्टा पशुओं को आश्रय केंद्रों में भिजवाएं व उनकी इयर टैगिंग भी कराएं। उन्होंने बताया कि गो आश्रय केंद्रों की व्यवस्था व गोवंश सहभागिता योजना के लिए धन की कमी नहीं है। 100 करोड़ रुपये की धनराशि इसी माह अवमुक्त की जा रही है। जनवरी 2022 में भी 100 करोड़ रुपये की धनराशि उपलब्ध करायी जायेगी।
रैन बसेरों का सत्यापन कराएं जिलाधिकारी
मुख्य सचिव ने कहा कि शीतलहर को देखते हुए सभी जिलाधिकारी रैन बसेरों की व्यवस्थाओं को दुरुस्त करवाकर निरीक्षण कराएं। कोई भी व्यक्ति सड़क अथवा खुले में सोता हुए न मिले। रैन बसेरों की स्थापना, कंबल, अलाव आदि के लिए पर्याप्त धनराशि जिलों को भेजी जा चुकी है।
इसके अलावा उन्होंने जल जीवन मिशन, उर्वरकों की उपलब्धता, धान खरीद व भुगतान की अद्यतन स्थिति, तालाबों से अतिक्रमण हटाने की प्रगति, किसानों को भूमि का प्रतिकर भुगतान, प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना, जन शिकायतों के निस्तारण आदि की भी समीक्षा की। इस मौके पर सभी संबंधित विभागों के प्रशासनिक अधिकारी व अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।