भाजपा की निषाद पार्टी और अपना दल (एस) के साथ सीटों के बंटवारे पर सहमति बन गई है। बुधवार को दिल्ली में भाजपा हाईकमान और अपना दल अध्यक्ष अनुप्रिया पटेल व कार्यकारी अध्यक्ष आशीष पटेल और निषाद पार्टी के अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद के साथ हुई बैठक में दोनों सहयोगी दलों के लिए सीट तय कर दी गई है। अपना दल (एस) को 15 सीट और निषाद पार्टी को 10 सीट देने पर सहमति बनी है। हालांकि अपना दल 4-6 और सीट देने को लेकर दबाव बनाए हुए है। बैठक खत्म होने के बाद दोनों सहयोगी दल के अध्यक्षों ने कहा कि विधानसभा चुनाव में एनडीए सामाजिक न्याय व विकास की अवधारणा के साथ चुनाव मैदान में उतरेगा।
सूत्र के मुताबिक अपना दल (एस) को 2017 में दी गई 11 सीटों के अलावा 4 नई सीट देने पर सहमति बनी है। इन नई सीटों में स्वार (रामपुर), मऊरानीपुर (झांसी), नानपारा (बहराइच) और बारा (प्रयागराज) दी गई है। जबकि 2017 में अपना दल (एस) को दी गई 11 सीटों में सेवापुरी (वाराणसी), मडियाहूं (जौनपुर), छानबे (मिर्जापुर), दुद्धी (सोनभद्र), शोहरतगढ़ (सिद्धार्थनगर), जहानाबाद (फतेहपुर), प्रतापगढ़ सदर, विश्वनाथगंज (प्रतापगढ़), सोरांव, प्रतापपुर व हंडिया (प्रयागराज) शामिल हैं। इनमें से अपना दल (एस) ने 9 सीटों पर दर्ज की थी। जबकि प्रयागराज जिले की प्रतापपुर और हंडिया सीट पर हार का मुंह देखना पड़ा था, जबकि निषाद पार्टी को दी गई सीट का नाम बृहस्पतिवार को तय किया जाएगा। हालांकि निषाद पार्टी के दावे को देखते हुए कटहरी, ज्ञानपुर, शाहगंज, जयसिंहपुर, गोरखपुर ग्रामीण, मेहदावल, तमकुही राज, नौतनवां, अतरौलिया और सकलडीहा व जखनिया में से कोई एक सीट दिए जाने पर सहमति बनी है।
अब्दुला आजम के खिलाफ उतरेंगे नवाब हमजा
सीटों पर सहमति बनने के साथ ही भाजपा-अपना दल (एस) गठबंधन ने सपा के कद्दावर नेता आजम खां के बेटे अब्दुला आजम को घेरने की तैयारी में जुट गई है। अपना दल (एस) के खाते में दी गई स्वार सीट से कई बार कांग्रेस से विधायक रहे नवाब काजिम अली खां उर्फ नवेद मियां के बेटे नवाब हमजा मियां को उतारने का फैसला किया गया है। हमजा भाजपा-अपना दल केसंयुक्त प्रत्याशी के तौर पर अब्दुला को टक्कर देंगे। कहा जाता है कि आजम खां को जेल भिजवाने में नवेद मियां की भी प्रमुख भूमिका थी और वह आजम के घोर विरोधी हैं।