सीएम योगी ने कहा कि भारत बल-बुद्धि, विद्या में दुनिया का नेतृत्व करने का सामर्थ्य रखता था। 16वीं सदी तक भारत का वैभव दुनिया में अग्रणी था। दुनिया की अर्थव्यवस्था के आधे भाग का नेतृत्व अकेले भारत करता था। यह तब था, जब देश कई सौ वर्षों तक लगातार विदेशी आक्रांताओं के आक्रमण को झेल रहा था। 14 अगस्त 1947 को देश के विभाजन की त्रासदी हो रही थी। 15अगस्त 1947 को तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू द्वारा तिरंगा फहराकर कांग्रेस नेता आजादी का जश्न मना रहे थे, तब लाखों लोग अपनी मातृभूमि व परिवार को छोड़ने को मजबूर हो रहे थे। उस समय के अमानवीय अत्याचार किसी से छिपे नहीं हैं। दुनिया का सबसे समृद्धतम देश 1947 तक आते-आते दरिद्र देश में बदल गया था। हमारी कुछ कमजोरियों ने आक्रांताओं को देश के अंदर आक्रमण करने के लिए स्थान दिया।
विभाजन की त्रासदी के लिए कांग्रेस जिम्मेदार
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जाति, क्षेत्र, भाषा के नाम पर विभाजन करने वाले उन ताकतों से सतर्क रहकर एक भारत, श्रेष्ठ भारत के बारे में सोचना होगा। विभाजन त्रासदी के लिए कांग्रेस जिम्मेदार है। इस त्रासदी और समय-समय पर धोखे के लिए कांग्रेस जनता से माफी नहीं मांगेगी। कांग्रेस को जब भी अवसर मिला, लोकतंत्र का गला घोंटने का प्रयास किया। 1975 इसका उदाहरण है। नागरिकों ने जब भी अधिकारों की बात की तो कांग्रेस ने देश में भाषाई, क्षेत्रीय विवाद, हिंदुओं-सिखों को लड़ाने का पाप किया। इसके लिए कांग्रेस को कभी माफ नहीं किया जा सकता है।
2047 तक विकसित, शक्तिशाली व सशक्त होगा भारत
सीएम योगी ने कहा कि 2047 में शताब्दी महोत्सव के समय भारत विकसित, शक्तिशाली, सशक्त होगा। ऐसे सशक्त भारत के निर्माण के लिए पीएम ने आजादी के अमृत महोत्सव में पंच प्रण की बात की थी। उसमें से सबसे महत्वपूर्ण नागरिक कर्तव्य का हम सभी को पालन करना होगा। राष्ट्रप्रथम के भाव के साथ काम करना होगा। यह जीवन का संकल्प बनेगा तो भारत को दुनिया की सबसे बड़ी ताकत बनने में देर नहीं लगेगी। पिछले दस वर्ष में भारत की प्रगति दुनिया को अचंभित करती है। भारत सुरक्षित है तो विश्व मानवता सुरक्षित है। दस वर्ष पहले भारत दसवीं, आज पांचवीं और अगले तीन वर्ष के अंदर भारत दुनिया की तीसरी बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा।
ननकाना साहब में नहीं मिलती नगर कीर्तन की अनुमति
सीएम योगी ने कहा कि आज भी ननकाना साहब में गुरु नानक देव के प्रकाश पर्व पर नगर कीर्तन की अनुमति नहीं मिलती है। सिंध तो हिंदू बाहुल्य था, सिंधी बाहुल्य राज्य है। उसे पाकिस्तान के अंदर क्यों जाने दिया गया। 1947 में बांग्लादेश में 22 फीसदी हिंदु थे, आज घटकर 7-8 फीसदी रह गए है। एक सप्ताह पहले बांग्लादेश के चटगांव में लाखों हिंदू जुटकर दुनिया के सामने गुहार लगा रहे थे। बांग्लादेश के अंदर रहकर भी नरपिशाचों के सामने अपनी परवाह किए बिना वर्तमान व भावी पीढ़ी को बचाने के लिए हिंदुओं ने दुनिया को वास्तविक चेहरा दिखाया है। बांग्लादेश में हिंदू अमानवीय अत्याचार के शिकार हो रहे हैं। हमें मजहबी उन्माद से देश-दुनिया को बचाने का आह्वान करना है। मजहबी उन्माद एकता के माध्यम से परास्त होगा। महर्षि अरविंद का अखंड भारत का सपना ही इसका समाधान होगा।
कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, ब्रजेश पाठक, महापौर सुषमा खर्कवाल, प्रदेश सरकार के मंत्री जयवीर सिंह, बलवीर सिंह औलख, राज्यसभा सांसद डॉ. दिनेश शर्मा, संजय सेठ, बृजलाल, विधायक योगेश शुक्ल, ओपी श्रीवास्तव, अमरेश कुमार, विधान परिषद सदस्य महेंद्र सिंह, रामचंद्र प्रधान, मुकेश शर्मा, अनूप गुप्ता, उमेश द्विवेदी, लालजी निर्मल, भाजपा महानगर अध्यक्ष आनंद द्विवेदी, पूर्व महापौर संयुक्ता भाटिया समेत अनेक जनप्रतिनिधि व गणमान्य मौजूद रहे।